parliamentनयी दिल्ली,  अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के लोगों पर अत्याचार करने वालों पर कड़ी कार्रवाई करने के प्रावधान वाले बहुप्रतीक्षित अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) संशोधन विधेयक 2015 पर आज संसद ने अपनी मुहर लगा दी।

सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री थावर चंद गहलोत ने राज्यसभा में इस विधयेक पर चर्चा करने का करने और पारित करने का आग्रह किया।
राज्यसभा में विपक्ष के नेता गुलाम नबी आजाद ने कहा कि यह सामाजिक महत्व का विधेयक है और इसे बिना चर्चा के पारित किया जाना चाहिए।

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