pastaनयी दिल्ली 08 जून. भारतीय खाद्य संरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (एफएसएसएआई) ने नेस्ले समेत सात कंपनियों के मंजूरी प्राप्त नूडल्स, पास्ता और मैक्रोनी की जाँच के आदेश दिये हैं तथा साथ ही बिना मंजूरी के बिक रहे उत्पादों को बाजार से वापस लिये जाने और नष्ट करने को कहा है.

प्राधिकरण ने सभी राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों के खाद्य सुरक्षा आयुक्तों को जारी निर्देश में कहा है कि नूडल्स, पास्ता और मैक्रोनो (टेस्टमेकर सहित) स्तरीय खाद्य पदार्थ नहीं हैं और इसलिए ये खाद्य सुरक्षा एवं मानक कानून, 2006 की धारा 22 के अंतर्गत आते हैं और इनके उत्पादन एवं बिक्री के लिए जारी मंजूरी शर्तों पर आधारित है. उसने कहा कि नेस्ले के ‘मैगी नूडल्सÓ तथा अन्य कंपनियों के नूडल्स की हाल में की गयी जाँच से उत्पन्न चिंता के मद्देनजर इन उत्पादों के नमूने लेकर प्राधिकृत प्रयोगशालाओं में उनकी जाँच करायी जानी चाहिये. प्राधिकरण ने जहाँ नियामक मंजूरी लेकर बाजार में उतारे गये उत्पादों की प्रयोगशाला में जाँच के आदेश दिये हैं, वहीं बिना मंजूरी के बिक रहे उत्पादों के बारे में कहा है कि खाद्य सुरक्षा आयुक्त इनका बाजार से वापस लिया जाना और नष्ट किया जाना सुनिश्चित करें.

Related Posts: