25pic3नई दिल्ली,  सरकार ने आज कहा कि प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना के तहत प्रशिक्षण केंद्रों पर ढांचागत व्यवस्था को बढावा देगी और इसके लिए खाली पड़े इंजीनियरिंग कालेजों में मौजूद सुविधाओं का इस्तेमाल कौशल विकास केंद्र के रूप में किया जाएगा.

कौशल विकास और उद्यमिता मंत्री राजीव प्रताप रूडी ने लोकसभा में एक पूरक प्रश्न के उत्तर में कहा कि देश में इंजीनियरिंग की करीब 17 लाख सीटें हैं जिनमें से आठ लाख सीटें खाली पड़ी हैं.

इंजीनियरिंग किए हुए 17 प्रतिशत युवक बेरोजगार हैं इसलिए इंजीनियरिंग में छात्रों की रुचि घट रही है और इसी कारण कई इंजीनियरिंग कालेज बंद हो गए हैं और कई बंद होने की कगार पर हैं. इन कालेजों में बहुत अच्छी ढांचागत सुविधाएं मौजूद हैं. सीटें खाली हैं और छात्र नहीं हैं इसलिए कालेजों में रखा साजो सामान बेकार हो रहा है.

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