smriti_iraniनयी दिल्ली,  मानव संसाधन विकास मंत्री स्मृति ईरानी ने आज कहा कि इलाहाबाद केंद्रीय विश्वविद्यालय में कुलपति की नियुक्ति के लिये नामों की सूची राष्ट्रपति प्रणव मुखर्जी के पास भेजी जा चुकी है जो इसके कुलाधिपति हैं और उनकी अनुमति मिलते ही शीघ्र इस पद पर नियुक्ति कर दी जायेगी।

श्रीमती ईरानी ने लोकसभा में समाजवादी पार्टी के धर्मेन्द्र यादव द्वारा शून्यकाल के दौरान यह मामला उठाये जाने पर पर कि इलाहाबाद विश्वविद्यालय में बड़ी संख्या में प्रोफेसर, सहायक प्रोफेसर तथा अन्य पदों पर रिक्तियां पिछली सरकार से विरासत में मिली हैं और मौजूदा सरकार इस विश्वविद्यालय की सभी चुनौतियों से निपटने के लिये प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि कुलपति की नियुक्ति के बाद अन्य जरूरी कदम भी उठाये जायेंगे।

श्रीमती ईरानी ने कहा कि पिछले 60 साल में विश्वविद्यालय का जो उत्थान नहीं हुआ वह अब किया जायेगा। उन्होंने विश्वविद्यालय की छात्र संघ अध्यक्ष का अपमान होने के श्री यादव के आरोप पर कहा कि उन्होंने खुद उनसे मिलने के लिये कहा था लेकिन अध्यक्ष नहीं आयीं। मानव संसाधन मंत्री ने कहा कि विश्वविद्यालय में कुलपति तथा कुछ अन्य पदों पर प्रभारियों की नियुक्ति नियमों के तहत की गयी है।

श्री यादव ने आराेप लगाया कि इलाहाबाद विश्वविद्यालय को 2005 में केंद्रीय विश्वविद्यालय बनाने के बावजूद वहां भारी दुर्दशा है और कुलपति समेत शीर्ष 16 पद खाली हैं तथा इंचार्ज के सहारे चल रहे हैं। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय में शिक्षकों के 882 पद खाली हैं। उन्होंने इन पदों को शीघ्र भरने और विश्वविद्यालय की गौरवशाली परंपरा को बहाल करने की मांग की।

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