चेन्नई, प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) और केंद्रीय जांच ब्यूरो(सीबीआई) ने आईएनएक्स मीडिया के विदेशी निवेश संवर्धन बोर्ड(एफआईपीबी)मामले में कथित अनियमितताएं बरतने के आरोप में पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम के बेटे कार्ति चिदंबरम के खिलाफ लुकआउट नोटिस जारी किया है जिसके खिलाफ उन्होंने इसे खारिज करवाने के लिए मद्रास उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया है।

उच्च न्यायालय ने इस मामले में गृह मंत्रालय से और स्पष्टीकरण की मांग करते हुए सुनवाई सात अगस्त तक स्थगित कर दी। श्री कार्ति ने शिवगंगा स्थित आवास के साथ अपनी कई फोटो डालते हुए ट्वीट किया,“यह उनके लिए है,जो मुझे खोज रहे हैं।” तस्वीर में वह कांग्रेस की शिवगंगा जिला इकाई के नेताओं से बात करते नजर आ रहें हैं जहां वह पार्टी जिला अध्यक्ष को जन्मदिन की शुभकामनाएं दे रहे हैं। सूत्रों के मुताबिक इस मामले में जांच के लिए उपस्थित नहीं होने पर उनके खिलाफ लुकआउट नोटिस जारी किया गया था।

सीबीआई ने उनके खिलाफ समन जारी किया था और उन पर कथित रूप से देश से बाहर होने का आरोप लगाया था। श्री कार्ति ने सीबीआई की ओर से जारी समन के खिलाफ मद्रास उच्च न्यायालय में 19 जुलाई को याचिका दाखिल की थी। सीबीआई के अनुसार श्री कार्ति ने एक कंपनी के माध्यम से इंद्राणी और पीटर मुखर्जी द्वारा चलाए जाने वाले मीडिया घराने से पैसे लिए थे जिसे वह अप्रत्यक्ष रूप से संचालित करते थे।

सीबीआई ने इससे पहले श्री कार्ति और चार अन्य को पूछताछ के लिए 27 एवं 29 जून को समन जारी किया था लेकिन इन्होंने और समय दिए जाने की मांग की थी। उल्लेखनीय है कि सीबीआई ने इस मामले में श्री कार्ति के आवास और व्यापारिक ठिकानों पर छापे मारे थे। इसके बाद श्री चिदंबरम ने केंद्र सरकार पर आरोप लगाया था कि उनका मुंह बंद करने के लिए उन्हें और उनके पुत्र को निशाना बनाया जा रहा है।

Related Posts: