bpl2भोपाल, मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि संकट की घड़ी में किसानों की आंख में आंसू नहीं आने देंगे.

उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया है कि किसानों को हरसंभव मदद उपलब्ध करवाने की आवश्यक व्यवस्थायें की जायें, ताकि किसानों को अधिकतम सहायता और सुविधायें तत्काल दी जा सकें. मुख्यमंत्री चौहान रविवार को कृषि, राजस्व, सहकारिता, ऊर्जा और वित्त विभाग के अधिकारियों से चर्चा कर रहे थे.

मुख्यमंत्री चौहान कहा कि किसानों को राहत उपलब्ध कराने के लिये परंपरागत व्यवस्थाओं के साथ ही व्यावहारिक दृष्टिकोण के साथ न्यायोचित राहत उपलब्ध कराई जाए. राहत के आवश्यक नवाचार भी किये जायें. उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा है कि वे इस संबंध में प्रस्ताव तैयार कर आगामी कृषि केबिनेट में प्रस्तुत करें, जिससे उनका शीघ्र क्रियान्वयन किया जा सके.

दलहन फसलों की उत्पादक में हुई कमी
मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि इस वर्ष सोयाबीन और दलहन फसलों की उत्पादकता में अभूतपूर्व कमी हुई है. इससे किसानों को समय पर राहत उपलब्ध करवाने के लिये कार्य सर्वोच्च प्राथमिकता के साथ किये जायें. उन्होंने कहा कि केन्द्र सरकार से राहत के लिये मेमोरेन्डम तत्काल भेजा जाये. मेमोरेन्डम राजस्व, कृषि और वित्त विभाग द्वारा संयुक्त रूप से तैयार किया जाये. उन्होंने ऊर्जा विभाग के अधिकारियों को निर्देशित किया कि विद्युत के अस्थाई कनेक्शन लेने वाले किसानों को राहत उपलब्ध करवाने की संभावनायें खोजें. बैठक में मुख्य सचिव अंटोनी डिसा, अपर मुख्य सचिव वित्त एपी श्रीवास्तव, कृषि उत्पादन आयुक्त पीसी मीणा, प्रमुख सचिव राजस्व के.के. सिंह. प्रमुख सचिव कृषि डॉ. राजेश राजौरा, प्रमुख सचिव सहकारिता अजीत केसरी, प्रमुख सचिव नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मनु श्रीवास्तव, प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री एस.के.मिश्रा एवं अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।