bpl4भोपाल,  राजधानी भोपाल की वह 2 से 3 दिसंबर 1984 की भयानक काली रात जिसमें जेपी नगर स्थित यूनियन कार्बाइड कारखाने में एमआईसी बाल्व से गैस का रिसाव होने से समस्त राजधानी में भयानक हादसा हुआ था.हादसे में बड़ी संख्या में लोगों की जान चली गई थी.

वहीं जो बचे वह आज भी अनेकों बीमारियों सहित अन्य परेशानियों से त्रस्त हैं तथा गैस पीडि़तो के आज भी जो बच्चें पैदा हो रहे हैं. वह कहीं अपंग तो कहीं कुछ और बीमारियों के साथ पैदा हो रहे हैं. उस भयानक काली रात के हादसे को लेकर राजधानी में अनेक स्थानों पर प्रर्दशन और श्रध्दांजली सभाएं आयोजित होती है.

जे पी नगर में प्रदर्शन एवं श्रद्घाजंली सभाएं

1984 की उस 3 दिसंबर भयानक काली रात की याद में बुधवार को भोपाल गैस पीडि़त महिला पुरूष संघर्ष मोर्चा,भोपाल गैस पीडि़त निराश्रित पेंंशनभोगी संघर्ष मोर्चा , भोपाल गैस पीडि़त महिला स्टेशनरी कर्मचारी संघ द्वारा संयुक्त रूप स प्रर्दशन, अपनी मांगो और सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुऐ भारत टाकिज, हमीदिया रोड़ बस स्टेन्ड़ , छोला होते हुए जेपी नगर यूनियन कार्बाइड़ कारखाना पहुंची. गैस पीडि़तो द्वारा डांव केमिकल्स एवं एनडरसन के पोस्टर्स को विरोध जताते हुए माटी से पोता गया.

निगरानी समिति की रिपोर्ट नजरअंदाज
संगठनों का कहना है की सर्वोच्च न्यायालय द्वारा गठित निगरानी समिति ने अपनी रिर्पोट में साफ किया था कि गैस पीडितों के ईलाज के लिए जो अस्पताल मुहैया कराए गए हैं. मुख्यत: भोपाल मेमोरियल तथा उसकी शाखाएं उनमें आज भी ईलाज की उचित व्यवस्थाएं एवं मशीने उपलब्ध नहीं है. यहां तक की अस्पतालों में जब गैस पीडित जाते हैं तो वहां डाक्टर ही नहीं मिलते कारण डाक्टर्स है ही नहीं . केंद्र और प्रदेश की सरकार ने इस रिपोर्ट पर अभी तक अमल नहीं किया.

आम आदमी पार्टी ने भी दी श्रध्दाजंली
आम आदमी पार्टी के सचिव अक्षय हुंका ने अन्य कार्यकर्ताओं के साथ यूनियन कार्बाइड जेपी नगर में गेट के सामने गैस पीडि़तो को श्रध्दाजंली अर्पित की गई.. पार्र्टी के प्रेमनारायण स्वर्णकार जो उस रात यहीं जेपी नगर अपने निवास पर थे. उन्होंन अपनों के खाऐ जाने की याद में गम से भरा गीत गाया. जिसे सुृन लोगों को अपने याद आ गए. इस अवसर पर प्रदेश आम आदमी पार्टी सचिव ने प्रदेश एवं केन्द्र की वर्तमान तथा पूर्व की सरकारों पर आरोप लगाते हुए कहा की वह आज तक गैस पीडितों को पूर्ण सुविधांए उपलब्ध नहंी करा पाई.