satyanarayan jatiyaउज्जैन, 2 सितंबर. पूर्व केन्द्रीय मंत्री एवं राज्य सभा सदस्य डॉ सत्यनारायण जाटिया ने आदर्श ग्राम में उनके अनुरूप काम नहीं होने पर अधिकारियों को लताडते हुए कहा कि जब आदर्श ग्राम के अनुरूप काम ही नहीं हुए तो काहे के आदर्श ग्राम। उन्होंने इसके लिए अधिकारियों को सभी काम समन्वय और तत्परता से करने की सलाह दी।

डॉ जटिया ने कल यहां आयोजित सांसद आदर्श ग्राम की समीक्षा बैठक में कहा कि सांसद आदर्श ग्राम आदर्श स्थिति में न हो तो किस बात का आदर्श ग्राम और यह तय आप अधिकारियों को करना है।

सभी अधिकारी ऐसा समन्वय कार्य करें, जिससे आने वाले समय में उस ग्राम की चर्चा चारों ओर हो तो लगेगा कि कुछ काम किया है। स्वास्थ्य विभाग का पूरा अमला आदर्श ग्राम के लिये यह सुनिश्चित करे कि क्या ग्राम में पूरी तरह स्वास्थ्य परीक्षण हुआ है और किसी ग्रामीण को कोई संक्रामक रोग तो नहीं है।

Related Posts:

दुष्कर्म से भड़के नागरिकों ने किया प्रदर्शन
हुगली नदी में प्रशिक्षित होमगार्ड ने क्षिप्रा नदी में दिया प्रशिक्षण
पहले शाही स्नान के साथ हुआ सिंहस्थ का आगाज
शाह ने दलित संतों के साथ किया समरसता स्नान
मिड-डे मील घोटाले के संबंध में मध्यप्रदेश में 35 से ज्यादा ठिकानों पर आयकर छापे
ग्राम गादेर में डायरिया से दो की मौत, कुएं का दूषित पानी पी रहे हैं ग्रामीण