kanhaiyaनई दिल्ली,  देशद्रोह के आरोप में जमानत पर फिलहाल बाहर जेएनयू छात्रसंघ के अध्यक्ष कन्हैया कुमार एक पुराने मामले की वजह से फिर से विवादों में हैं. जून 2015 में उन पर तीन हजार का जुर्माना लगा था. जेएनयू की पूर्व छात्रा से बदसलूकी करने का दोषी पाए जाने पर यह जुर्माना लगाया गया था.

छात्रा को कहे थे अपशब्द : दरअसल सार्वजनिक स्थान पर पेशाब करते हुए देखने पर छात्रा ने कन्हैया को टोका था. जिसके बाद कन्हैया ने छात्रा को अपशब्द कहे थे. रिपोर्ट के अनुसार जेएनयू की पूर्व छात्रा का कहना है, 10 जून 2015 को मैं पूर्वांचल हॉस्टल के पास थी. मैंने वहां एक शख्स को पेशाब करते देखा तो उन्हें टोका. इसके जवाब में उन्होंने मुझे कहा तू मेंटल है, साइको है, अपना इलाज करवाओ. मैंने कहा कि आप अपना इलाज करवाएं मैं आपकी शिकायत कर दूंगी. फिर उन्होंने कहा कि मेरा नाम कन्हैया कुमार है और ये मेरा हॉस्टल है जो चाहे करूंगा. छात्रा का कहना है कि कन्हैया यहां पर नहीं रुके. उन्होंने मुझसे कहा, जेएनयू में न हुक्का पीने दोगे, न मूतने दोगे.

कन्हैया पर लगा था जुर्माना: कमलेश ने बाताया कि बदतमीजी करने के बाद कन्हैया कुमार वहां से कार में बैठकर चले गए. मैंने गाड़ी की फोटो खींचकर मेन गेट के गार्ड को भेजी और फिर उन्हें रोका गया. इसके बाद उन पर जुर्माना लगाया गया था. छात्रा से बदसलूकी के आरोप में जुर्माना लगाने की पुष्टि जेएनयू प्रशासन ने की है.

छात्रा ने की थी शिकायत: घटना जेएनयू परिसर में 10 जून 2015 को हुई थी. छात्रा ने कन्हैया की बदसलूकी और धमकाने की घटना की शिकायत जेएनयू प्रशासन से की थी. इसके बाद 16 अक्टूबर को जेएनयू प्रशासन ने कन्हैया पर जुर्माना लगाया था. कन्हैया को तीन हजार रुपए का जुर्माना लगाते हुए प्रशासन ने भविष्य में उसे ऐसा नहीं करने की चेतावनी भी दी थी.

Related Posts: