11as18भोपाल.11 अगस्त. राजधानी भोपाल में मानसून फिर से सक्रिय हो गया. गत दिवस से शुरू हुआ बारिश का सिलसिला आज भी जारी रहा. मंगलवार की दोपहर को शहर में तेज बौछारों के साथ बारिश हुई. इससे शहर के अनेक निचली बस्तियों की सड़के जलमग्न हो गई. जिससे घंटों आमजनजीवन प्रभावित हुआ. शहर के निचले इलाकों की कॉलोनियों के घरों में पानी भर गया. जिससे लोगों को खासी परेशानियां उठानी पड़ी.

मंगलवार को दोपहर करीब डेढ़ बजे शहर के आसमान में बादलों की काली घटा छा गई. देखते ही देखते तेज बौछारें पानी बरसने लगा. करीब 15 मिनट तेज बौछारों के साथ गिरे पानी के कारण शइर के कई निचले इलाकों की बस्तियों की सड़के जलमग्न हो गई. निकासी के आभाव में निचले इलाकों में नालियां लबालब होने से नालियों का पानी सड़कों पर बहने लगा. जिससे शहर के अनेक मार्गो के निचले इलाकों की सड़कों पर आवागमन बुरी तरह प्रभावित हो गया.

मौसम विभाग की चेतावनी
स्थानीय मौसम विज्ञान केंद्र के निदेशक डॉ. अनुपम काश्यपि ने के मुताबिक अगले 24 घंटों में भोपाल के अलावा जबलपुर, उज्जैन व ग्वालियर संभागों और रीवा व चंबल के कुछ स्थानें पर तेज बारिश के होने की संभावना जताई है. जबकि खंडवा, बुरहानपुर सहित अनेक क्षेत्रों में सामान्य बारिश होने की संभावना व्यक्त की गई है. डॉ. काश्यपि ने बताया कि वर्तमान में पंजाब के ऊपर हवा का चक्रवात सक्रिय है.जिससे वहां से नमी प्रदेश में आ रही है.साथ ही राजस्थान के गंगानगर से बंगाल की खाड़ी तक जाने वाली मानसून ट्रफ भी प्रदेश के ऊपर से ही गुजर रही है, इस कारण राज्य के कई इलाकों में तेज बारिश की हो सकती है.

भोपाल में 581.07 मिली मीटर बारिश
भोपाल संभाग में मंगलवार की सुबह तक सर्वाधिक बारिश सीहोर में (17.8 मिली मीटर) दर्ज की गई.जबकि रायसेन में 15.4 मिली मीटर, विदिशा 4.7 मि.मी. और राजगढ़ में 2.5 मि.मी. बारिश हुई है.अभी तक भोपाल में 581.07 मिली मीटर, सीहोर में 924.3 मिली मीटर, रायसेन में 781.6 मिली मीटर, विदिशा में 596.7 मिली मीटर और राजगढ़ में 1181.1 मिली मीटर बारिश रिकार्ड की गई है.

निगम अमले ने निकलवाया पानी
मंगलवार को तेज बारिश के दौरान नगर निगम के मुख्य आपदा नियंत्रण कक्ष एवं कॉल सेन्टर पर जलभराव और वृक्ष गिरने आदि की शिकायतें प्राप्त होने पर निगम अमले द्वारा तत्परतापूर्वक कार्यवाही करते हुये अधिकांश जलभराव वाले क्षेत्रों से पानी की निकासी की जा चुकी है और अनेक स्थानों पर पेड़ों को भी हटाया जा चुका है साथ ही निगम के अपर आयुक्तगण भी अपने-अपने क्षेत्रों में सतत्ï रूप से भ्रमण कर पानी की निकासी एवं पेड़ों को हटवाने की कार्यवाही करा रहे हैं तथा स्वच्छता प्रभारी भी अपने-अपने क्षेत्रों में निरंतर भ्रमण कर रहे हैं और कार्यवाही भी करा रहे हैं.

निगम के मुख्य आपात नियंत्रण कक्ष पर पॉलीटेक्निक के पास और ओल्ड सुभाष नगर में वृक्ष गिरने की शिकायत मिली थी, जहां पर संबंधित अधिकारियों द्वारा गिरे हुये वृक्ष को तत्परता से हटाने की कार्यवाही की गई. निगम के मुख्य आपात नियंत्रण कक्ष पर संत हिरदाराम नगर बैरागढ़ स्थित साधू वासवानी कॉलेज के पास, शिव नगर कॉलोनी छोला रोड, विश्वकर्मा नगर, नीलकंठ कॉॅलोनी, सेमराकला, कटारा हिल्स, अशोका गार्डन, मॉडल ग्राउंड पेट्रोल पम्प के पास, अल्पना टॉकीज, हमीदिया रोड, शिवाजी नगर, चाणक्यपुरी संतोषी माता मंदिर आदि क्षेत्रों में वर्षा के दौरान पानी भरने की शिकायत पर पानी की समुचित निकासी हेतु निगम अमले द्वारा कार्यवाही की गई जबकि निगक के कॉल सेन्टर पर कृष्णा कॉलोनी, सत्य सांई नगर, द्वारका नगर, शंकराचार्य नगर आदि स्थानों पर जलभराव की शिकायत प्राप्त हुई जिस पर निगम अमले ने तत्परतापूर्वक कार्यवाही कर अधिकांश क्षेरत्रों से पानी की निकासी की व्यवस्था की तथा शेष स्थानों पर पानी की निकासी हेतु निरंतर कार्यवाही की जा रही है.

Related Posts: