bpl2भोपाल, प्रतिस्पर्धा और बदली जीवन शैली में सेहत काफी छूट गई है. हृदय संबंधी बीमारियां और डायबिटीज बहुत आगे बढ़ गई हैं. भारत दुनिया का सबसे बडा मृत्यु स्थल बन गया है.

यह बात दो दिवसीय तेहरवें राष्ट्रीय सम्मेलन के दूसरे दिन देश भर से आए चिकित्सकों ने दी. नई दवाओं और तकनीक से बेहतर उपचार विषय पर जानकारी दी गई. वहीं डायबिटीज से जुड़ी अहम बातों की जानकारी दी गई.
होटल जहांनुमा पेलेस में आयोजित राष्ट्रीय सम्मेलन के दूसरे दिन डायबिटिीज पर चर्चा की गई. दूसरे दिन डायबिटीज की नई दवाओं की जानकारी दी गई. हैदराबाद से आए डॉ. एस वेंकटराम ने बताया कि एसजीएएलटी कृ 2 एक ऐसी दवा आई है जिसके सेवन से गुर्दे के माध्यम से ग्लुकोज के जरिए पेशाब को बाहर निकाला जा सकता है. उन्होंने बताया कि यह दवा शुगर के साथ वजन भी कम करती है.

वहीं डॉ. पंकज मनोरिया ने खून में चिपचिपाहट कम करने वाली दवाओं की जानकारी दीण्उन्होंने बताया कि नई मेउिसन से हार्ट अटैक के मरीजों का इलाज बेहतर इलाज किया जा सकता है. इससे मृत्यु दर में गिरावट लाई जा सकती है. मुम्बई से आए डॉ. पिंटो ने बिना चीर फाड़ किए एओरटिक वॉल्ब के प्रत्यारोपण पर अपनी बात रखी. बैंगलोर से आए डॉ. विवेक ज्वाली ने बायपास सर्जरी की नई तकनीक पर खुलकर बातचीत की. उन्होंने बताया भविष्य में रोबोटिक सर्जरी का चलन देश में बढ जाएगा.