pic4त्रिशुर,  त्रिशुर की एक अदालत ने मंगलवार को पीची के सैल्वेशन आर्मी चर्च के पादरी को नाबालिग लड़की के साथ रेप करने का दोषी करार देते हुए 40 साल सश्रम कारावास की सजा सुनाई. राज्य में यह ऐसा पहला केस है, जिसमें इतनी लंबी सजा सुनाई गई है.

अतिरिक्त सत्र अदालत के जज केपी सुधीर ने दोषी पर 20,000 रुपये जुर्माना भी लगाया है, जबकि नाबालिग लड़की को पीडि़त मुआवजा कोष से 3 लाख रुपये की वित्तीय मदद दिए जाने का भी आदेश दिया गया है.

आरोपी सानिल के जेम्स को आईपीसी की धारा 376(2) एफ और पोक्सो ऐक्ट की धारा चार, पांच और छह के तहत दोषी पाया गया है. विशेष वकील पायस मैथ्यू ने बताया कि 35 वर्षीय पादरी ने नाबालिग (12) के साथ अप्रैल 2014 में अपने घर में रेप किया था. उस वक्त लड़की सातवीं में पढ़ती थी.

लड़की और उसके भाई-बहन पादरी के घर पर मौजूद थे. लड़की के साथ रेप करने के लिए पादरी ने दूसरे बच्चों को

टीवी में उलझाए रखा और उन्हें टीवी शो देखने की छूट दे दी. इसके बाद वह लड़की को दूसरे कमरे में ले गया और कमरा बंद कर यह कृत्य किया.