20 मिनट में देश के किसी भी कोने से रक्त होगा उपलब्ध,

जीवन सार्थक सोसायटी की पहल

नवभारत न्यूज भोपाल,

नए साल के उपलक्ष्य में जीवन सार्थक सोशल एंड वेलफेयर सोयायटी द्वारा शहर में पहला नि:शुल्क ब्लड बैंक कॉल सेन्टर प्रस्थापित किया जा रहा है. इसकी शुरूआत 28 दिसंबर से होगी. कॉल सेन्टर जरूरतमंदों तथा ब्लड बैंक के बीच पुल का कार्य करेगा जिसमें मांग पर एक कॉल से उन्हें ब्लड उपलब्ध कराया जायेगा.

संस्था पिछले एक साल से ब्लड डोनेशन जैसे कार्यों के लिये अवेयरनेस कैम्प चला रही है साथ ही शहर के विभिन्न जगहों पर फ्री ब्लड ग्रुप चैकअप कैम्प भी लगाती आ रही है. सोसायटी सचिव शैलेंद्र दुबे ने बताया कि हम समय-समय पर विभिन्न कैम्पों के माध्यम से लोगों में जागरूकता फैलाने का काम कर रहे हैं.

हमारी संस्था नेशनल लेवल पर कार्यकर्ताहै. हम देशभर में कहीं से भी 15 से 20 मिनट के अंदर ब्लड उपलब्ध करा सकते हैं. शहर में सार्थक सोसायटी द्वारा दो रक्तदाता वाहिनियों (एम्बुलेंस) का भी संचालन किया जा रहा है.

शैलेंद्र ने बताया कि विभिन्न कैम्पों के माध्यम से हमने लगभग साढ़े पांच हजार ब्लड डोनर्स का डेटाबेस तैयार की है, जिसके माध्यम से रेयरेस्ट ब्लड जो बैंकों से नहीं मिल पाने पर हम डोनर्स से संपर्क कर ब्लड उपलब्ध करा सकते हैं.

अभी तक परिवार से मिलाए गए बच्चे

1-नाम बूटी (65) 20/3/2017 मिलने की जगह गंजबासौदा.
2-नाम अविनेश त्रिपाठी (26) 29/3/2017 मिलने की जगह इटारसी.
3-नाम दीपक चौरसिया (10) 28/4/2017 मिलने की जगह झांसी.
4-नाम राजीव नामदेव (8) 12/7/2017 मिलने की जगह भोपाल.
5-नाम अमित वर्मा (11) 24/9/2017 मिलने की जगह सीहोर.

गुमशुदा बच्चों को पहुंचाया घर

समाज सेवा में कार्यकर्ता जीवन सार्थक सोसायटी शहरों में इधर-उधर घूमते बच्चों को परिवार तक पहुंचाने का कार्य कर रही है. यह कार्य ‘तलाश : मिलन बिछड़ों का अपनों से प्रोजेक्ट के द्वारा किया जा रहा है. संस्था अभी तक 6 बिछड़ों को परिवार तक पहुंचा चुकी है, जिसमें 2 बालिग तथा नाबालिग है.

संस्था सचिव का कहना है कि देश में हर साल हजारों बच्चे लापता हो जाते हैं या अपहृत कर लिये जाते हैं. जिन्हें जबरन भीख मांगने के धंधे में धकेल दिया जाता है. लोगों द्वारा यदि संस्था की वेबसाइट पर भटके बच्चों की फोटो, जगह, तारीख डालने पर संस्था बच्चों को परिवार से मिलाने की पूरी कोशिश करेगी.

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