नयी दिल्ली,  वित्त मंत्री अरुण जेटली ने आज कहा कि पुख्ता सबूत होने पर ही जांच एजेंसियां किसी भी व्यक्ति के विरूद्ध कार्रवाई शुरू करती है।

श्री जेटली ने मोदी सरकार के तीन वर्ष के कार्यकाल में अपने मंत्रालय की उपलब्धियों पर चर्चा के दौरान संवाददाताओं के सवाल के जवाब में कहा कि जांच एजेंसियाें को अदालत में रिपोर्ट पेश करनी होती है इसलिये जब तक पुख्ता सबूत नहीं होता कार्रवाई नहीं की जाती है।

कांग्रेस नेता एवं पूर्व वित्त मंत्री पी. चिदंबरम द्वारा अपने पुत्र कार्ति चिदंबरम के ठिकानों पर केन्द्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) की छापेमारी और राष्ट्रीय जनता दल प्रमुख लालू प्रसाद यादव ने उनके परिवार से जुड़े ठिकानों पर आयकर विभाग की छापेमारी की कार्रवाई को राजनीति से प्रेरित बताये जाने के बारे में पूछे जाने पर श्री जेटली ने इन लोगों के नाम लिये बगैर कहा कि जब तक पुख्ता सबूत नहीं होता है तब तक किसी के विरूद्ध कार्रवाई नहीं की जाती है।

उल्लेखनीय है कि सीबीआई ने पिछले महीने कार्ति चिदंबरम के कई ठिकानों पर और आयकर विभाग ने श्री यादव के ठिकानों पर छापेमारी की थी। श्री यादव और उनके परिवार द्वारा किये गये भूमि सौदे के मामले में जहां आयकर विभाग ने दिल्ली, गुड़गांव और रेवाड़ी में 22 स्थानों पर छापेमारी की गयी थी वहीं श्री चिदंबरम और उनके पुत्र के चेन्नई स्थित आवास समेत कई अन्य ठिकानों पर सीबीआई ने छापेमारी की थी।

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