भोपाल, मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने बहते पानी को रोकने के लिये 15 सितम्बर से अभियान चलाने के निर्देश दिये हैं।

श्री चौहान आज मंत्रालय में मंत्रिपरिषद बैठक उपरांत मंत्रिमंडल के सदस्यों के साथ अल्पवर्षा की स्थिति से निपटने की आकस्मिक कार्य योजना की समीक्षा कर रहे थे। उन्होंने अवर्षा की स्थिति में किसानों की आय घटे नहीं, इसके लिये कार्य-योजना बनाने स्वच्छता पखवाड़ा मनाने, और अवर्षा की स्थिति अनुसार रबी फसल की तैयारियां करवाने के लिये कहा है।

उन्होंने प्रभारी मंत्रियों से कहा है कि 15 से 20 सितम्बर के मध्य प्रभार वाले जिले में जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों के साथ सिंचाई के लिये जल की उपलब्धता का आकलन करें। उपलब्ध जल के आधार पर सिंचाई की आकस्मिक कार्य योजना बनवाएं तथा किसानों को उससे अवगत कराने के प्रभावी प्रबंध करें। मुख्यमंत्री मंत्रिमंडल के सभी सदस्य पानी रोकने के लिये जनजागृति के प्रयासों में सक्रिय भागीदारी करेंगे। बोरी बंधान बनावाएंगे।

उन्होंने कृषि विभाग के अधिकारियों को निर्देशित किया कि जिले की अल्पवर्षा की आकस्मिक योजना की जानकारी किसानों तक प्रभावी ढंग से पहुँचे। ग्राम सभाओं का आयोजन करवाया जाये। किसानों को सिंचाई के लिये जल की स्थिति, अल्प-अर्ध सिंचित फसलों और उनके बीजों की उपलब्धता की जानकारियां पर्याप्त समय रहते दी जायें। कृषि, राजस्व, पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग संयुक्त रूप से युद्धस्तर पर किसानों को स्थिति से निपटने के प्रयासों के प्रति जागरूक करें।

उन्होंने कहा कि किसान सम्मेलनों, जल उपभोक्ता संस्थाओं विभिन्न मंचों आदि और जनसंचार के सभी माध्यमों का उपयोग कर समाज को अवर्षा की स्थिति से निपटने के लिये तैयार करें। विपरीत परिस्थितियों में भी किसानों की आय घटे नहीं इसके लिए टॉस्क तय करें, जनता को जोड़ें और सर्वश्रेष्ठ के लिए संकल्प लेकर नया कीर्तिमान स्थापित करें।

Related Posts: