sabzi_mandiइन्दौर. बेमौसम बारिश की बौछार से खड़ी फसलों को नुकसान हो रहा है। निमाड़ में लालमिर्च की फसल पर दूसरी बार मार पडऩे से दाम और तीखे हो रहे हैं।
मालवा निमाड़ में गेहूं और चने की फसलें भी खेतों में खड़ी या पक रही है। ऐसे में बारिश से किसानों की चिंता बढ़ा दी है। फसलें खराब हो रही है और कई क्षेत्रों में मुआवजे की मांग भी उठने लगी है। उधर रतलाम से आने वाली अचार की मिर्ची पर बारिश की चपेट में आ गई है। अचार की मिर्ची मंडी में बिल्कुल नहीं आ रही है। ऐसे ही हालात पीली मिर्ची के भी है। वो भी बाजार में नजर नहीं आ रही है। कुछ दिनों पहले ऐसे ही हालात प्याज, टमाटर, हरा धनिया में भी था। लोगों की थाली से सलाद गायब हो गया था अब थाली से मिर्ची का अचार गायब हो रहा है। बारिश का असर आलू व प्याज की खुदाई पर असर है। इससे किसान, व्यापारी परेशान है, वहीं सरकार पर भी मुआवजे का दबाव बनने लगा है।

सोना सस्ता हो रहा है लेकिन बेमौसम बारिश की वजह से सब्जियों के दाम आसमान छूने लगे हैं। देशभर में सब्जियों के दामो मे वृद्धि लगातार बढ़ रही है। पिछले कुछ दिनों में सब्जियों की कीमतों में 70 प्रतिशत से ज्यादा की वृद्धि दर्ज की गई है। कहा जा रहा है कि कीमतों में ये बस्ती मार्च महीने के पहले हफ्ते में हुई लगातार बारिश का नतीजा है।

देश की राजधानी दिल्ली-एनसीआर में भिंडी, करेला और तोरी 100 रुपये किलो पर बिक रही है, जबकि लौकी 60 रुपये किलो पर बिकने लगी है। प्याज 30 रुपये प्रति किलो से उछाल मारकर 40 रुपये प्रति किलो पर पहुंच गया है, जबकि मटर और टमाटर भी 40 रुपये किलो बिक रहा है।

अहमदाबाद में भी सब्जियों की कीमतें आसमान छू रही हैं। यहां कीमतों में बढ़ोतरी के लिए खुदरा व्यापारी बडे व्यापारियों की जमाखोरी को जिम्मेदार बता रहे हैं। अहमदाबाद में भी भिंडी की कीमत 100 रुपये किलो पर पहुंच गई है। सब्जियों की कीमत में उछाल से जम्मू के लोग काफी नाराज हैं।
जम्मू में भिंडी 80 रुपये किलो बिक रही है जबकि टमाटर 40 रुपये, मटर 25 रुपये, करेला 85 रुपये, बैंगन 35 रुपये किलो बिक रहा है।जयपुर में अरवी की कीमत 40-60 रुपये पर पहुंच गई है।

Related Posts: