crimeभोपाल,   मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में एक युवक के अपहरण का पांच दिन पुराना मामला सुलझाते हुए पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।

आरोपियों ने युवक को सबक सिखाने के लिए उसका अपहरण कर उसकी हत्या कर दी थी। हत्या के बाद आरोपियों ने युवक के परिवार से 15 लाख रुपए की फिरौती की मांग की। पुलिस को मामले के मुख्य सूत्रधार समेत दो आरोपियों की अभी तलाश है।

पुलिस की ओर से मिली जानकारी के मुताबिक सूखी सेवनियां निवासी रामबाबू मीणा ने दो जुलाई को अपने भाई गोविंद मीणा के एक जुलाई से लापता होने की शिकायत दर्ज कराई थी। फरियादी के मुताबिक उसका भाई एक जुलाई को अपने एक दोस्त को स्टेशन छोडने के लिए निकला था, लेकिन लौट कर नहीं आया। फरियादी ने बताया कि एक जुलाई की रात उसके भाई के फाेन से उसके पास अज्ञात व्यक्ति का फोन आया, जिसने उसके भाई को छोड़ने के ऐवज में 15 लाख रूपये की फिरौती की मांग की है।

जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि गोविन्द का अपने एक दोस्त राधेश्याम उर्फ मोनू के साथ एक लड़की से दोस्ती को लेकर विवाद हुआ था। मोनू ने स्वयं को ब्लड कैंसर का मरीज बताकर लड़की से दोस्ती की थी, लेकिन उसकी असलियत सामने आने पर लड़की ने इस बारे में गोविंद को बताया था, जिसके बाद गोविन्द ने मोनू को इस बारे में समझाइश भी दी थी। मोनू को ये समझाइश नागवार गुजरी और उसने गोविन्द को सबक सिखाने की ठान ली।

अपनी साजिश के तहत बैतूल के मूल निवासी मोनू ने अपने जिले के साथियों जीतू, लालू और देवेंद्र को साजिश में शामिल किया। मोनू ने एक जुलाई को गोविन्द को यह बताकर फोन लगाया कि वह भोपाल छोड़ कर गांव जा रहा है और वह उसे स्टेशन छोड़ने आ जाये। गोविन्द को मोनू की साजिश की भनक नहीं लगी और वह मोटरसाइकल चलाते हुये घर से गया।

इसी दौरान मोनू उसे अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर मंडीदीप ले गया और वहां चारों ने मिलकर गोविंद की हत्या कर दी। इसके बाद आरोपियों ने गोविंद के परिजनों से 15 लाख रुपए की फिरौती मांगी। पुलिस ने मामले में देवेंद्र और लालू को हिरासत में ले लिया है। पुलिस को मोनू और जीतू की तलाश है।

Related Posts: