bpl2भोपाल,  नवरात्रि के प्रथम दिन भक्तों ने मां शैलपुत्री की पूजा-अर्चना कर मंदिरों, पंडालों सहित घरों में घटस्थापना कर आराधना का श्रद्धाभाव दिखाई दिया. घर-घर में जहां कलश स्थापना के साथ मां दुर्गा की पूजा-अर्चना की गई, वहीं गली-गली, मोहल्ले-मोहल्ले में युवा, जवान, वृद्ध, पुरुष तथा छोटी कन्याएं, युवतियां और महिलाएं सुबह से ही मंदिरों में जल चढ़ाने पहुंचीं.

सभी नर-नारियों ने व्रत रखकर मां का आशीर्वाद लिया. कुछ ने अपने शरीर पर जवारे बोए तो कुछ ने अखण्ड दीप जलाकर मां की भक्ति-उपासना शुरू की. कुछ श्रद्धालु भक्त प्रसिद्ध देवी मंदिर सलकनपुर, तरावली हरिसिद्धि मंदिर, मैहर, देवास माता सहित अन्य सिद्ध पीठों में पहुंच माथा टेका. सोमवार शाम से ही भक्त माता की प्रतिमा झूमत,े नाचते-गाते ढोल-नगाड़ों के साथ पंडालों में ले गए.

अयोध्या नगर हनुमान मंदिर दुर्गा उत्सव समिति ने 30 फिट के मंदिर पंडाल में 12 फिट की भव्य आकर्षक माता की प्रतिमा स्थापित की है. इसमें हनुमान श्रीराम और लक्ष्मण को अपने कंधे पर बिठाए सहित मां दुर्गा की प्रतिमा है. यहां लोगों को मां दुर्गा द्वारा राक्षस वध की चलित झांकी भी मोहेगी.

श्रीराम मंदिर समिति आनंद नगर को भव्य सज्जा से सजाया गया है जगमगाती लाइटिंग के साथ जहां सुबह से ही बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं का तांता लगा हुआ है. हथाईखेड़ा मार्ग आनंद नगर प्राचीन खेड़ापति मंदिर भवानी चौक में शुभकामना दुर्गा उत्सव समिति द्वारा 33वें वर्ष में 20 फिट की मां दुर्गा की भव्य प्रतिमा स्थापित की है. आनंद नगर स्टैंड में सहस्त्रबाहु सांस्कृतिक मंडल द्वारा 31 फिट के पंडाल में माता की प्रतिमा स्थापित की गई है.

यहां पिछले 25 वर्षों से माता का नौ दिन अद्ïभुत श्रृगांर का केन्द्र होता है. भानपुर गीतानगर में गाजर घास से बनी झोपड़ी में आकर्षक लाइटिंग के बीच माता की स्थापना की गई है. छोला खेड़ापति हनुमान मंदिर दुर्गा उत्सव समिति द्वारा 15 फिट की सुन्दर प्रतिमा ब्रह्मïा, विष्णु, महेश के साथ स्थापित की गई है. साथ ही भक्तों को यहां चलित झांकी के माध्यम से कृष्ण गाय चराते गोपियों के बीच छोटी-छोटी गईयां छोटे-छोटे ग्वाल गीत पर नाचते नजर आएंगे.

कैंची छोला में पिछले 21 वर्षों से मां कालिका उत्सव समिति द्वारा भव्य मां कालिका की प्रतिमा स्थापित की जाती है, जहां सप्तमी में कोलकाता की काली की भांति महाआरती होती है. वहीं कैंची छोला में ग्वाल चौक दुर्गा उत्सव समिति द्वारा पिछले 30 वर्षों से माता की स्थापना की जा रही है, जहां इस वर्ष 20 फिट की प्रतिमा आकर्षण का केन्द्र होंगी. चांदबड़ दुर्गा उत्सव समिति दुर्गा मंदिर द्वारा पिछले 70 साल से यहां प्रतिमा स्थापित की जा रही है. जहां प्रत्येक वर्ष कवि सम्मेलन और माता का जागरण कराया जाता है.

इस वर्ष यहां राक्षस का वध करती हुई आकर्षक 12 फिट की प्रतिमा स्थापित की गई हैं. साथ ही चांदबड़ स्थित प्राचीन सिद्ध काली मंदिर 51 खप्पर बोए गए हैं. इनका विसर्जन दशमी पर भव्य समारोह के साथ खटलापुरा में किया जाएगा.

सोनागिरी पिपलानी पैट्रोल पंप के सामने मां अम्बे व्यापारी दुर्गा उत्सव समिति द्वारा तीसरे वर्ष 30 फिट के मंदिर स्वरूप पंडाल में 10 फिट की सुन्दर प्रतिमा स्थापित की गई है. यहां हाथी पर बैठे कृष्ण भगवान द्वारा कंस का वध करती चलित झांकी आकर्षक रहेगी. समिति में हिन्दू-मुस्लिम एकता का परिचय देते हुए अध्यक्ष मो. शफीक कुरैशी को बनाया गया है.