modi3मास्को,  प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का 16वें भारत रुस वार्षिक शिखर सम्मेलन में भाग लेने अाज शाम मास्को पहुँचने पर भव्य स्वागत किया गया। श्री मोदी का विमान कड़ाके की ठंड एवं हल्की बारिश के बीच स्थानीय समयानुसार शाम पांच बजे (भारतीय समयानुसार साढ़े सात बजे) मास्को हवाई अड्डे पर उतरा। हवाई अड्डे पर उनका भव्य स्वागत किया गया और रूसी सेनाओं की संयुक्त टुकड़ी से सलामी गारद पेश की।

हवाई अड्डे पर रूस में भारत के राजदूत पी एस राघवन मौजूद थे। रूस के राष्ट्रपति व्लादीमिर पुतिन ने श्री मोदी के सम्मान में आज रात्रिभोज का आयोजन किया है। चंद घंटों बाद दोनों नेताओं की खाने की मेज़ पर मुलाकात होगी। प्रधानमंत्री बनने के बाद श्री मोदी की रूस की यह पहली द्विपक्षीय यात्रा है। हालाँकि डेढ़ साल के दौरान उनकी श्री पुतिन से अनेक अवसरों पर मुलाकात एवं बातचीत हुई है। दोनों की आखिरी मुलाकात तुर्की के अनताल्या में जी-20 की बैठक के दौरान मुलाकात हुई थी।

इससे पहले वह जुलाई में ब्रिक्स देशों के शिखर सम्मेलन में भाग लेेने ऊफा गये थे। श्री पुतिन पिछले साल दिसंबर में 15वीं भारत रूस वार्षिक शिखर बैठक में भाग लेने नई दिल्ली आये थे। श्री मोदी मास्को में सबसे पहले दस बजे आपदा प्रबंधन क्षेत्र में सहयोग के मकसद से “ एमरकाम“ का दौरा करेंगे। अपराह्न दो बज कर 40 मिनट पर वह अज्ञात सैनिकों के स्मारक पर श्रद्धांजलि देने जाएँगे। वहाँ से लौटकर तीन बजे क्रेमलिन में दोनों शीर्ष नेताओं के बीच शिखर बैठक शुरू होगी। दोनों नेता सवा पांच बजे भारत-रुस सीईओ फोरम को संबोधित करेंगे। शाम सवा छह बजे समझौतों पर हस्ताक्षर किये जाएँगे और साढ़े छह बजे प्रेस वक्तव्य हाेंगे।

शाम को करीब साढ़े सात बजे एक्सपो सेंटर में प्रधानमंत्री फ्रेंड्स ऑफ इंडिया कार्यक्रम को संबोधित करेंगे जिसमें तीन हजार से अधिक लोगों के भाग लेने की संभावना है। तत्पश्चात वह स्वदेश रवाना होंगे । श्री मोदी ने भारत से रवाना होने के पहले अपने वक्तव्य में रूस को भारत का सबसे मूल्यवान मित्र एवं सामरिक साझेदार बताते हुए विश्वास जताया कि दोनों देशों के बीच रक्षा, ऊर्जा, आर्थिक एवं सुरक्षा क्षेत्रों में सहयोग और प्रगाढ़ होगा। उन्होंने कहा कि वह अपनी इस यात्रा के परिणामों के प्रति बहुत आशावादी हैं। इस यात्रा से भारत और रूस के बीच आर्थिक, ऊर्जा एवं सुरक्षा क्षेत्रों में सहयोग और गहरा होगा

Related Posts: