सिडनी,

भारत की 15 वर्षीय मुस्कान भानवाला ने बुधवार को आईएसएसएफ जूनियर निशानेबाजी विश्वकप के आखिरी दिन महिलाओं की 25 मीटर पिस्टल स्पर्धा में स्वर्ण पदक दिला दिया, इसी के साथ युवा निशानेबाज़ों के यादगार प्रदर्शन की बदौलत भारत टूर्नामेंट में नौ स्वर्ण सहित 22 पदकों के साथ दूसरे पायदान पर रहा।

अाईएसएसएफ जूनियर विश्वकप में भारतीय खिलाड़ियों ने फिर से कमाल का प्रदर्शन किया और आखिरी दिन मुस्कान के स्वर्ण सहित उसने कुल नौ स्वर्ण पदक जीते, वह पांच रजत और आठ कांस्य सहित कुल 22 पदक लेकर तालिका में दूसरे स्थान पर रहा।

चीन ने अपनी बादशाहत बरकरार रखी और नौ स्वर्ण, आठ रजत और आठ कांस्य सहित कुल 25 पदक लेकर वह शीर्ष पर रहा।इटली तीन स्वर्ण लेकर तीसरे नंबर पर रहा।

युवा भारतीय निशानेबाज़ मुस्कान ने अपने भाई और दो दिन पहले टूर्नामेंट में पदक जीतने वाले निशानेबाज़ अनीश की ही तरह अपना बेहतरीन खेल दिखाया।गत वर्ष विश्वकप में पदक से चूकीं मुस्कान ने 25 मीटर पिस्टल स्पर्धा में चीनी खिलाड़ी के साथ हमवतन मनु भाकर को भी पछाड़ा।हरियाणा की मनु इस महीने आईएसएसएफ टूर्नामेंट में छह स्वर्ण जीत चुकी हैं।

थाईलैंड की कान्याकोम हिरूफोम ने 50 शॉट के फाइनल में कांस्य तथा इस महीने मैक्सिको के गुआदालाजरा में हुये सीनियर विश्वकप में फाइनलिस्ट रहीं चीन की शिहांग किन ने एक शॉट मुस्कान से पीछे रहते हुये रजत पदक जीता।

इससे पहले मुस्कान और मनु दोनों व्यक्तिगत स्पर्धाओं में चौथे स्थान पर रहीं और देवांशी राणा के साथ भारत के लिये टीम स्पर्धा का स्वर्ण पदक जीता।भारतीय खिलाड़ियों की तिकड़ी ने कुल 1715 का स्कोर हासिल किया तथा हमवतन दूसरी टीम अरूणिमा गौर, महिमा तुरही अग्रवाल और तनु रावल को दूसरे स्थान पर पीछे छोड़ा जिन्हें 1705 के स्कोर के साथ रजत मिला।थाईलैंड की टीम को इस स्पर्धा में कांस्य पदक मिला।