mp1रायसेन,  मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने आज घोषणा की कि 12वीं कक्षा में 85 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त करने वाले लगभग 17 हजार छात्र-छात्राओं को लैपटॉप दिये जाएंगे.

चौहान ने आज सिलवानी में राज्य स्तरीय स्कूल चलें अभियान का शुभारंभ करते हुए यह घोषणा की. उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष जिन बच्चों को इस योजना का लाभ नहीं मिल पाया था, उन्हें भी इस साल लैपटॉप प्रदान किए जाएंगे. प्रदेश में उच्च शिक्षा कोष बनाया जा रहा है जिसके माध्यम से प्रतिभावान गरीब विद्यार्थियों को आर्थिक सहायता दी जाएगी.

मुख्यमंत्री ने कहा कि इस बार एक गांव से दूसरे गांव पढऩे जाने वाले विद्यार्थियों को सीधे साइकिलें प्रदान की जाएंगी. पहले विद्यार्थियों के अभिभावकों के खाते में राशि जमा करा दी जाती थी. कहीं-कहीं विद्यार्थियों को इसका लाभ नहीं मिल पाता था, इसलिए व्यवस्था में परिवर्तन किया गया है. स्कूली बच्चों को मिलने वाली यूनीफॉर्म के पैसे अभिभावकों के खाते में जमा कराए जा रहे हैं.

चौहान ने प्रदेशवासियों से अपील की कि वे यह सुनिश्चित करें कि कोई भी बच्चा स्कूल जाने से वंचित न रहे. इसके लिए प्रदेश भर में प्रेरकों का सहयोग भी लिया जाएगा. इस बार के परीक्षा परिणामों से स्पष्ट है कि प्रदेश के सरकारी स्कूलों में शिक्षा का स्तर बढ़ा है. इस बार सरकारी स्कूलों का परीक्षा परिणाम जहां 57 प्रतिशत से अधिक रहा, वहीं निजी स्कूलों का परिणाम लगभग 49 प्रतिशत ही रहा.

कार्यक्रम को स्कूल शिक्षा मंत्री पारस जैन, वन मंत्री डा. गौरीशंकर शेजवार, स्कूल शिक्षा मंत्री दीपक जोशी, राजस्व मंत्री रामपाल सिंह व पर्यटन मंत्री सुरेन्द्र पटवा ने भी संबोधित किया. प्रदेश के मुखिया ने प्रतीक स्वरूप स्कूल की घंटी बजाकर वर्ष 2016 के ‘स्कूल चलें हमÓ अभियान की शुरुआत की. इसके पूर्व उन्होंने कक्षा 10वीं और 12वीं के प्रतिभाशाली बच्चों का सम्मान भी किया. उन्होंने बाल विवाह से इंकार कर आगे पढऩे का निर्णय लेने वाली बालिका नेहा विश्वकर्मा को विशेष रूप से सम्मानित किया.

Related Posts: