02pic1नई दिल्ली,  भारत सरकार राष्ट्रद्रोह कानून की समीक्षा कर रही है. कानून, न्याय-अधिकारिता मंत्रालय ने लॉ कमीशनसे आईपीसी के सेक्शन 124 ए (राष्ट्रद्रोह) के इस्तेमाल के बारे में स्टडी करने को कहा है.

इसी कानून के तहत फिलहाल जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी के छात्र संघ अध्यक्ष कन्हैया कुमार, उमर खालिद और अनिर्बान भट्टाचार्य जेल में हैं. जेएनयू में आतंकी अफजल गुरु पर कार्यक्रम के दौरान कथित तौर पर भारत विरोधी नारे लगाने के आरोप में इन्हें गिरफ्तार किया गया है. पुलिस ने इन छात्रों पर देशद्रोह का मामला दर्ज किया है. गृह मंत्रालय ने लोकसभा में जानकारी दी कि लॉ कमीशन इस कानून के कुछ हिस्सों की समीक्षा कर रहा है.

जेएनयू मामले में दिल्ली हाई कोर्ट ने कन्हैया कुमार की जमानत याचिका पर सुनवाई करते हुए पुलिस को कड़ी फटकार लगाई है. पुलिस ने माना है कि उसके पास ऐसा कोई वीडियो नहीं है जिसमें कन्हैया देश विरोधी नारा लगाते दिख रहे हैं. दिल्ली हाई कोर्ट में इस मामले की सुनवाई पूरी हो चुकी है.

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