मुम्बई,

अधिकतर विदेशी बाजारों में रही गिरावट और सरकार द्वारा वित्तीय घाटा का लक्ष्य बढाये जाने के संकेत से हताश निवेशकों की बिकवाली के दबाव में बीएसई का 30 शेयरों वाला संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 249.52 अंक की तेज गिरावट के साथ 36,033.73 अंक पर आ गया।एनएसई का निफ्टी भी 80.75 अंक की गिरावट के साथ 11,049.65 अंक पर आ गया।

आर्थिक विकास दर के वर्ष 2018-19 में सात से 7.5 प्रतिशत के बीच रहने के सरकार के अनुमान से उत्साहित निवेशकों की लिवाली के दम पर कल नये शिखर पर पहुंचे शेयर बाजार की धारणा निवेशकों के सतर्कता बरतने से आज नकारात्मक रही।निवेशकों में वैश्विक रुख, वित्तीय घाटा, चालू खाता घाटा और महंगाई दर को लेकर संशय है जिससे शेयर बाजार पर दबाव बना हुआ है।

निवेशकों की कमजोर धारणा के कारण सेंसेक्स 6.13 अंक की गिरावट में 36,277.12 अंक पर खुला।कारोबार के दौरान यह 36,291.81 अंक के उच्चतम और 35,993.41 अंक के निचले स्तर से होता हुआ गत दिवस की तुलना में 0.69 फीसदी की गिरावट में 36,033.73 अंक पर बंद हुआ।सेंसेक्स की 30 कंपनियों में से 22 के शेयरों के भाव लुढ़क गये।

निफ्टी की शुरुआत हालांकि आज 9.55 अंक की बढ़त में 11,120.85 अंक पर हुई।कारोबार के दौरान यह 11,121.10 अंक के उच्चतम स्तर को छूता हुआ 11,033.90 अंक के निचले स्तर तक लुढ़का और अंतत: गत दिवस की तुलना में 0.71 फीसदी की गिरावट में 11,049.65 अंक पर बंद हुआ।निफ्टी की 51 में से 36 कंपनियों के शेयरों की कीमत में गिरावट और 13 में तेजी रही जबकि एक कंपनी के शेयरों के भाव अपरिवर्तित रहे।

बीएसई में आज कुल 2,992 कंपनियों के शेयरों में कारोबार हुआ, जिनमें से 800 तेजी में, 2,046 गिरावट में और 146 अपरिवर्तित रहीं।बीएसई के 20 समूहों में से 17 समूहों का सूचकांक लाल निशान में और दो का हरे निशान में बंद हुआ।ऊर्जा क्षेत्र में कोई बदलाव नहीं हुआ।

दिग्गज कंपनियों की तरह छोटी और मंझोली कंपनियों में भी बिकवाली का जोर रहा।बीएसई का मिडकैप 0.67 फीसदी यानी 118.91 अंक लुढ़ककर 17,591.39 अंक पर और स्मॉलकैप 1.34 फीसदी यानी 255.56 अंक फिसलकर 18,873.58 अंक पर बंद हुआ

Related Posts: