modiनयी दिल्ली,  प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने समाज के सभी वर्गों से एक सूत्र में बंधने का आह्वान करते हुए आज कहा कि हमें संविधान के मार्गदर्शन में पक्ष और विपक्ष से उपर उठकर निष्पक्षता के साथ ‘एक भारत श्रेष्ठ भारत’ की कल्पना को साकार करने की दिशा में आगे बढने की जरूरत है।

श्री मोदी ने डा भीमराव अंबेडकर की 125 वीं जयंती के उपलक्ष्य में संविधान के प्रति वचनबद्धता पर राज्यसभा में तीन दिन से जारी चर्चा का समापन करते हुए कहा कि देश का संविधान केेवल कानूनी व्यवस्था नहीं है बल्कि सामाजिक दस्तावेज भी है इसलिए हमारा दायित्व बनता है कि हम इसके सिद्धांतों और मूल्यों को अपने जीवन में ढालें।

उन्होंने कहा कि समाज में समभाव और ममभाव की भावना से यह संदेश जाना चाहिए कि दलित भी हमारा भाई है और उसे अवसर मिले यह सुनिश्चित किया जाना चाहिए। सदन से यह बात उठनी चाहिए कि ऊंच नीच का कलंक हमारे माथे से मिटे और सब एकता के मूल मंत्र को आगे बढायें ।

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