भोपाल. मार्च में बेमौसम बारिश से गेहूं की खरीद में 10 फीसदी की कमी आ सकती है। एफसीआई दूसरी सरकारी एजेंसियों के साथ मिलकर अगले महीने से 3 करोड़ टन अनाज खरीदने की तैयारी कर रही है। ये अनाज कई सरकारी कल्याणकारी योजनाओं के लिए खरीदे जाते हैं।

एफसीआई के सूत्रों ने कहा, बारिश के चलते गेहूं की खरीदारी 10 फीसदी कम रह सकती है। मध्य प्रदेश सरकार ने बारिश के चलते इस सीजन में अब तक गेहूं खरीदना शुरू नहीं किया है। हमें दूसरे राज्यों में भी गेहूं की खरीदारी में देरी और नुकसान की आशंका है।

गुजरात में इस सीजन में अब तक सिर्फ 50 टन गेहूं ही खरीदा गया है। एफसीआई के अधिकारी ने बताया कि वहां बारिश से गेहूं की क्वॉलिटी खराब होने की रिपोर्ट्स भी आई हैं। हरियाणा सरकार खुद ही किसानों से गेहूं खरीदेगी। इसलिए एफसीआई का प्रोक्योरमेंट में कंट्रीब्यूशन और कम हो सकता है। 2009-10 में एफसीआई का गेहूं खरी सीजन में योगदान 18.86 पर्सेंट था, जो 2014-15 में घटकर 12.61 पर्सेंट रह गया। गेहूं का मार्केटिंग ईयर मध्य प्रदेश में 18 मार्च और पंजाब, हरियाणा एवं दूसरे राज्यों में 1 अप्रैल से शुरू होता है। जून तक सरकारी एजेंसियों की ओर से गेहूं की खरीदारी पूरी हो जाती है। कुछ जगहों पर बारिश से गेहूं की फसल खराब हो गई है। एग्रीकल्चरल मिनिस्ट्री के शुरुआती अनुमान के मुताबिक, 1.21 करोड़ हेक्टेयर में खड़ी गेहूं की फसल को सबसे अधिक नुकसान पहुंचा है। 2014-15 सीजन में देश भर में 3.60 करोड़ हेक्टेयर जमीन पर गेहूं की खेती हुई थी।

गेहूं की पैदावार के मामले में भारत दुनिया में दूसरे नंबर पर है। पंजाब और हरियाणा में गेहूं की खरीदारी में 10 लाख टन से अधिक की कमी आ सकती है। पहले पंजाब में 1.2 करोड़ टन और हरियाणा में 70 लाख टन गेहूं की खरीदारी का अनुमान था।ज् पंजाब में 3 लाख हेक्टेयर जमीन पर गेहूं की फसल को बारिश से नुकसान हुआ है।

वहीं हरियाणा में नुकसान 17.5 लाख हेक्टेयर में खड़ी फसल को हुआ है। सरकार की शुरुआती रिपोर्ट्स के मुताबिक, यूपी में 75 लाख हेक्टेयर में गेहूं की खेती हुई है और सबसे अधिक नुकसान भी यहीं हुआ है। राज्य में प्रोक्योरमेंट 30 लाख टन रह सकता है। एफसीआई के अधिकारियों ने बताया कि यूपी में गेहूं की खरीदारी राज्य सरकार की एजेंसियां करेंगी। फूड मिनिस्ट्री और एफसीआई के अधिकारियों ने बताया कि प्राइवेट कंपनियां और यहां तक कि राज्य सरकारें भी पूर्वी राज्यों में गेहूं खरीद पाएंगी, जैसा कि एफसीआई की रिस्ट्रक्चरिंग पर शांता कुमार की अगुवाई में बनी कमेटी ने सुझाव दिया था।

Related Posts: