simhasth-2016उज्जैन,  मध्यप्रदेश के उज्जैन में चल रहे सिंहस्थ के दौरान मेला प्रशासन ने श्रद्धालुओं और तीर्थयात्रियों से अपील की है कि वे मेला प्रशासन द्वारा अधिकृत स्नान क्षेत्र व घाट का ही उपयोग करें।

कुंभ में दिनों-दिन उमड़ रही भीड़ को देखते हुए मेला प्रशासन ने श्रद्धालुओं से क्षिप्रा स्नान और मंदिरों में दर्शन के दौरान सावधानी बरतने की अपील की है। प्रशासन ने आग्रह किया है कि श्रद्धालु यथासंभव यह कोशिश करें कि वे शहर या मेला क्षेत्र में जहां भी ठहरें हों, उसी के आस-पास के स्नान घाट का उपयोग स्नान और पूजन-अर्चन के लिए करें। किसी भी प्रकार की अज्ञात या संदिग्ध वस्तु दिखाई देने पर पुलिस कंट्रोल रूम, मेला प्रशासन, नजदीकी जोन या सेक्टर मजिस्ट्रेट कार्यालय को तत्काल सूचना देकर अपने नागरिक कर्त्तव्यों का पालन करें।

मेला क्षेत्र में श्रद्धालुओं से अपेक्षा की गयी है कि वे शहर और मेला क्षेत्र में यातायात के नियम और कानून का पालन करें। साथ ही किसी भी प्रकार की असुविधा से बचने के लिए सेंट्रल पब्लिक एड्रेस सिस्टम के माध्यम से दी गई सलाह और निर्देश का पालन करें। कचरा डस्टबिन में ही डालें।

मेला प्रशासन द्वारा लोगों से नदी तट पर कपड़े की धुलाई करने से बचने और घाट में स्नान के समय साबुन का उपयोग नहीं करने का आग्रह किया गया है।

श्रद्धालुओं से कहा गया है कि वे पूजा या अनुष्ठान में प्रयोग होने वाली सामग्री को नदी में प्रवाहित न करें। मेला क्षेत्र में भिक्षावृत्ति को भी श्रद्धालु प्रोत्साहित न करें।
इसके अलावा श्रद्धालुओं को नाव में क्षमतानुसार बैठने की भी सलाह दी गई है। उज्जैन में सिंहस्थ महाकुंभ के दौरान माननीय उच्च न्यायालय और राज्य सरकार द्वारा प्लास्टिक की थैलियों का प्रयोग प्रतिबंधित है। इसलिए स्वस्थ पर्यावरण के हित में तीर्थ-यात्री प्लास्टिक की थैलियों के उपयोग से परहेज करें। कही-सुनी बातों और अफवाहों पर ध्यान न दें। पार्किंग स्थल में ही अपने वाहन पार्क करें।