bpl2भोपाल,  इनसे मिलिए यह हैं कम्प्यूटर बाबा. इंदौर के रहने वाले हैं, लेकिन मंगलवार को वे भोपाल में थे.

पुराने शहर में वे लोगों के बीच पहुंचे. उनके हाथ में एक दान-पात्र भी था. उन्होंने दान-पात्र लोगों की तरफ बढ़ाकर कहा- दान नहीं भिक्षा चाहिए. इस दौरान हिन्दू से लेकर मुस्लिम तक ने उन्हें भिक्षा देने आगे आए. कम्प्यूटर बाबा अपने सहयोगियों के साथ 23 फरवरी को दिल्ली में जंतर-मंतर पर धरना देंगे. बाबा का कहना है कि संतों के साथ प्रदेश में भेदभाव हो रहा है. साथ ही उनका कहना है कि उज्जैन की क्षिप्रा नदी का पानी आचमन लायक भी नहीं मचा है.

सिंहस्थ से पहले सरकार को इस बारे में सोचना चाहिए. इसकी सफाई के बिना सिहंस्थ नहीं हो सकता है.

कम्प्यूटर बाबा ने पत्रकारों से कहा कि सरकार सिहंस्थ कराने को लेकर साधू-संतों को दरकिनार कर फैसले ले रही है. बार-बार मांग के बावजूद क्षिप्रा को साफ नहीं कराया जा रहा है. इसमें नाले का पानी मिल रहा है. इन्हीं कारणों से आंदोलन के लिए मजबूर होना पड़ रहा है.

पश्चिम इंदौर में कालका मंदिर, मासी टेकरी के पास कम्प्यूटर बाबा का आश्रम है. बाबा का दावा है कि उनका दिमाग कम्प्यूटर की तरह तेज चलता है. वे सारे काम बहुत तेजी से करते हैं. वे लैपटॉप का उपयोग भी करते हैं इसी कारण उनका नाम कम्प्यूटर बाबा प्रचलित हो गया$

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