taalसंगीतकार ए.आर. रहमान आज किसी परिचय के मोहताज नहीं है. रहमान को हृदयनाथ मंगेशकर के 78वें जन्मदिन पर हृदयनाथ मंगेशकर पुरस्कार से सम्मानित किया है. यह पुरस्कार रहमान को देने पहुंचे दिग्गज फिल्मकार सुभाष घई. इस मौके पर घई ने एक बहुत ही दिलचस्प बात बताई. संगीत के प्रति रहमान की लगन के बारे में घई ने कहा, फिल्म ताल के संगीत के लिए रहमान ने 70 रातों तक काम किया था और साबित कर दिखाया कि वह बेहतरीन संगीतकार हैं. वह न केवल एक नामचीन हस्ती बल्कि एक भले इंसान भी हैं.

आपको बता दें कि कि फिल्म ताल आज से 16 साल पहले 1999 में रिलीज हुई थी. इस फिल्म में ऐश्वर्या राय, अनिल कपूर और अक्षय खन्ना लीड रोल में थे. इस फिल्म का टाइटल सॉन्ग ताल से ताल मिलाओ बहुत पॉपुलर हुआ था. घई ने यह भी बताया कि वह बॉलीवुड के ऐसे पहले फिल्म निर्माता हैं, जिन्होंने ऑस्कर विजेता संगीतकार ए.आर. रहमान से काम के सिलसिले में सबसे पहले संपर्क किया था.

घई ने पुरानी बातों को याद करते हुए कहा, मैं पहले रहमान को नहीं जानता था, लेकिन मैंने सुना था कि वह बहुत प्रतिभाशाली हैं. जिस वक्त मैंने उनका संगीत सुना, मैंने उन्हें फोन किया और कहा कि मैं आपसे मिलना चाहता हूं.
उन्होंने कहा, मैं पहला फिल्म निर्मा घई ने इस बात का भी खुलासा किया कि रहमान पहले हिंदी भाषा से ज्यादा परिचित नहीं थे. हालांकि, उनका मानना है कि संगीत की कोई भाषा नहीं होती.