नहर से मिले कट्टे, छुरा, बैग और जली हुई हड्डी

जोधपुर, 6 जनवरी. भंवरी मामले में जोधपुर की खाक छान रही सीबीआई को शुक्रवार को कुछ अहम सबूत मिले हैं। राजस्थान पुलिस के गोताखोरों को नहर से कट्टे, छुरा, बल्ला और जली हुई हड्डी मिली है। सीएफएसएल के वैज्ञानिकों ने सभी सुबूतों की सीलबंद कर दिया है। इन्हें जांच के लिए फॉरेंसिक लैब भेजा जाएगा। माना जा रहा है कि बल्ले का इस्तेमाल भंवरी पर वार करने के लिए किया गया होगा

पुलिस के गोताखोरों ने नर्स भंवरी देवी के शरीर के अवशेष तलाशने के अभियान के तहत राजीव गांधी नहर में से एक बैग बरामद किया। इस बैग में से दो देशी पिस्तौल और लकड़ी का एक बैट बरामद हुआ । सीबीआई इस नहर में से भंवरी देवी के शरीर के अवशेष बरामद कर सके, इसलिए इसमें पानी की आपूर्ति रोक दी गई थी । भंवरी की घड़ी की तलाश के लिए फिलहाल ऑपरेशन वॉच चलाया जा रहा है । यह घड़ी पिछले साल सितंबर से लापता है । सीबीआई ने नहर के पास के कई स्थानों से जांच के लिए मिट्टी के नमूने भी लिए । सीबीआई के एक आला अधिकारी ने बताया, ‘हम भंवरी देवी की घड़ी की तलाश के लिए नजदीकी नहर का पानी निकाल रहे हैं । एक आरोपी ने दावा किया था कि उसने भंवरी के शरीर के अवशेषों के साथ उस घड़ी को भी वहीं डाला था । सीबीआई ने राजस्थान सरकार से आग्रह किया था कि वह नहर में पानी की आपूर्ति रुकवा दे, जिसके बाद प्रदेश सरकार ने शुक्रवार सुबह पानी रुकवा दिया ।

सीबीआई के निदेशक ए पी सिंह और अतिरिक्त निदेशक सलीम अली ने गुरुवार को फॉरेंसिक विशेषज्ञों के साथ उस स्थान का भी दौरा किया था, जहां अपहरण के बाद कथित तौर पर नर्स भंवरी को जलाया गया था । कथित तौर पर आरोपियों बिशनराम और कैलाश जाखड़ ने भंवरी देवी के शरीर के अवशेष जालोदा गांव की नहर में बहाए थे । सीबीआई इन दोनों आरोपियों को घटनास्थल पर ले गई, जहां उसने पूरी घटना को नाटकीय तौर पर पेश कराया । पुलिस सूत्रों के मुताबिक, सीएसएफएल का एक दल सीबीआई के साथ जाकर सबूत एकत्रित कर रहा है । दल इस बात की भी जांच कर रहा है कि क्या शुक्रवार को मिली चीजों का इस मामले से कोई संबंध है । दूसरी ओर जोधपुर की एक स्थानीय अदालत ने शुक्रवार को आरोपी महिपाल मदेरणा और पारसराम की न्यायिक हिरासत 20 जनवरी तक के लिए बढ़ा दी ।

मौके पर कराई तस्दीक

जोधपुर. इससे पहले सुबह सीबीआई शुक्रवार को रिमांड पर चले रहे कैलाश जाखड़ और ओमप्रकाश को लेकर जालोड़ा पहुंची। दोनों से भंवरी को जलाने के स्थान पर ले जाकर मौके पर तस्दीक और पूछताछ की गई। सीबीआई की अब तक की पड़ताल में सामने आया है कि 1 सिंतबर को किडनैपर सोहनलाल और शहाबुद्दीन से भंवरी का शव लेने के बाद अभियुक्त विशनाराम, कैलाश जाखड़, ओमप्रकाश और अशोक स्कॉर्पियो से देर रात जालोड़ा पहुंचे। वहां नहर के तेली पुलिया के पास वाले एक गड्ढे में शव को जला दिया और राख व अवशेष बोरी में भर नहर में बहा दिए ।

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