गेहूं के समर्थन मूल्य के अलावा किसानों को बोनस राशि दिलाने भाजपा का आंदोलन

प्रदेश के शहरों से, 3 अप्रैल. किसानों की समस्याओं को लेकर भाजपा किसान मोर्चे ने मंगलवार को देश के आठ राज्यों में रेल रोको आंदोलन किया. किसान, स्वामीनाथन कमेटी की सिफारिशों को लागू कर गेहूं का समर्थन मूल्य बढ़ाए जाने की मांग कर रहे थे.

इंदौर में सांसद श्रीमती सुमित्रा महाजन के नेतृत्व में मालवा एक्सप्रेस को रोका गया. उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार अन्नदाता किसान की उपेक्षा कर रही हैं. प्रदेश में अन्य स्थानों पर रेल रोको आंदोलन के दौरान विदिशा में पार्टी कार्यकर्ताओं ने झेलम और दादर एक्सप्रेस को रोक लिया. ये लोग पटरी पर लेट गए. इसकी वजह से ट्रेन कुछ देर के लिए रुकी रही. बाद में पुलिस ने इन्हें समझा-बुझाकर पटरियों से हटाया.  झाबुआ जिले में भी रेलगाडिय़ां रोकी गई. ग्वालियर में भाजपा कार्यकर्ता रेल पटरियों पर बैठ गए और उन्होंने स्वर्ण जयंती एक्सप्रेस को रोके रखा.  भोपाल, उज्जैन, जबलपुर सहित राज्य के अन्य क्षेत्रों में भी भाजपा किसान मोर्चा के सदस्य रेलवे स्टेशनों व पटरियों पर जमा  हो गए और रेलें रोकी. आंदोलन के दौरान किसी भी तरह की अप्रिय वारदात से निपटने के लिए भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है.

क्या है मांग
भाजपा किसान मोर्चा किसानों को गेहूं पर न्यूनतम समर्थन मूल्य के अलावा 500 रुपये प्रति क्विंटल बोनस दिए जाने तथा स्वामीनाथन समिति की रिपोर्ट लागू किए जाने की मांग कर रहा है.

कई राज्यों में यातायात बाधित

उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ में भाजपा कार्यकर्ताओं ने गोमती एक्सप्रेस रोक ली. मेरठ में भी पावली खास पर भाजपा किसान मोर्चा ने ट्रेन रोकी. वहीं बुंदेलखंड में किसानों ने एक पैसेंजर ट्रेन रोकी. प्रदर्शनकारियों ने गाजियाबाद में दिल्ली-अंबाला पैसेंजर को करीब 40 मिनट तक रोके रखा.  राजस्थान के भरतपुर मे भाजपा नेताओं ने आगरा-बांदीकुई, डीएमयू को रोककर प्रदर्शन किया. हालांकि ये रेल रोको अभियान केवल सांकेतिक था. पंजाब में कई स्थानों पर ट्रेनों को रोके जाने से राज्य में रेल यातायात प्रभावित हुआ.  दिल्ली अमृतसर शताब्दी ट्रेन सहित कई ट्रेनों का परिचालन प्रभावित हुआ है और आंदोलनकारी अमृतसर, फगवाड़ा और साहनीवाल से ट्रेनों को नहीं चलने दे रहे हैं. फिरोजपुर डिवीजन के डीआरएम वी चौबे ने कहा, ”हमने पंजाब के मुख्य सचिव और गृह सचिव से अनुरोध किया है ताकि ट्रेनों का सुचारू परिचालन सुनिश्चित करने के लिए प्रभावित रेल पटरियों को मुक्त कराया जा सके.

“भाजपा किसान मोर्चा के सदस्यों ने कठुआ रेलवे स्टेशन पर करीब 25 मिनट तक रेल यातायात को बाधित कर संप्रग सरकार की किसान विरोधी नीतियों के खिलाफ प्रदर्शन किया. भाजपा राज्य किसान मोर्चा के अध्यक्ष कर्ण सिंह के नेतृत्व में करीब 200 कार्यकर्ताओं ने कठुआ रेलवे स्टेशन पर एकत्र होकर स्वराज एक्सप्रेस और टाटा मूरी को 25 मिनट के लिए रोक दिया. उसके बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर प्रदर्शनकारियों को वहां से हटाया.

शिवराज कैबिनेट का राहतभरा निर्णय

 

  • आपदा पीडि़त किसानों को अधिक राहत

भोपाल. मुख्यमंत्री श्री शिवराजसिंह चौहान की अध्यक्षता में आज सम्पन्न मंत्रि-परिषद की बैठक में आपदा पीडि़त किसानों को अधिक राहत देने के लिये राजस्व पुस्तक परिपत्र (आर.बी.सी.) 6-4 के प्रावधावनों में संशोधन करने का निर्णय लिया गया .

इस निर्णय के फलस्वरूप किसानों को पुनरीक्षित दरों से राहत राशि स्वीकृत की जायेगी. मृत व्यक्ति के परिवार को राहत बढ़कर डेढ़ लाख रुपये हो जायेगी. इसी तरह अंग भंग की स्थिति में मिलने वाली राहत राशि 35 हजार से बढ़ाकर 43 हजार 500 रुपये, 80 प्रतिशत से अधिक अंग-भंग की स्थिति में राहत राशि 50 हजार से बढ़कर 62 हजार 500 रुपये हो जायेगी.  मंत्रि-परिषद ने ग्रामीण क्षेत्रों में पात्र रहवासियों को भूमि स्वामी अधिकार दिये जाने के उद्देश्य से मध्यप्रदेश ग्रामों में की दखल रहित भूमि (विशेष उपबंध) अधिनियम 1970 में संशोधन करते हुए इसकी कट ऑफ डेट 23 जून 1980 से बढ़ाकर 31 दिसम्बर 2011 करने का निर्णय लिया.

अन्य निर्णय-मध्यप्रदेश दखल रहित भूमि अधिनियम की कट ऑफ डेट बढ़ी, शहरी झुग्गीवासियों को आवास, खिलाड़ी कल्याण कोष की स्थापना, प्राथमिक शालाओं में गुरुजी कर सकेंगे 60 वर्ष उम्र तक कार्य, औद्योगिक प्रशिक्षण केन्द्र सुदृढ़ होंगे

दखल रहित भूमि अधिनियम

इस अधिनियम के तहत ऐसे व्यक्तियों का, जो गाँव के निवासी, भू-धारी, भूमिहीन श्रमिक या शिल्पी हैं तथा निवास के प्रयोजन के लिये जिन्होंने दखल रहित भूमि पर 23 जून 1980 के पूर्व आवासीय संरचना बना ली थी, उन्हें भूमि स्वामी अधिकार की पात्रता हो जाती है और इस अधिनियम के अन्तर्गत उन्हें विधिवत प्रमाणीकृत किया जाता है. अब यह कट ऑफ डेट 23 जून 1980 से बढ़कर 31 दिसम्बर, 2011 हो गई है.

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