राज्य सरकार ने किया जिलों को सतर्क, जिला तहसील स्तर पर राहत शिविर खुले

भोपाल,30 जुलाई,नभासं.  राज्य के पाँच संभागों के पच्चीस जिलों में अगले 48 घंटे में भारी वर्षा की चेतावनी दी गई है. इसके चलते भोपाल, होशंगाबाद, इंदौर, जबलपुर, शहडोल के संभागीय आयुक्तों को उनके जिलों के एक या दो स्थानों पर भारी वर्षा के प्रति सचेत किया गया है.

वायरलैस संदेश भेजा
राहत आयुक्त ने भोपाल, रायसेन, विदिशा, राजगढ़, सीहोर, होशंगाबाद, हरदा, बैतूल, इंदौर, खण्डवा, खरगोन, झाबुआ, धार, बड़वानी, बुरहानपुर, जबलपुर, मण्डला, सिवनी, छिन्दवाड़ा, कटनी, नरसिंहपुर, बालाघाट, शहडोल, डिण्डोरी और अनूपपुर जिलों के कलेक्टर को भेजे वायरलेस संदेश में संभावित भारी वर्षा के लिए सतर्क रहने को कहा है.

बाढ़ के कारण 11 मरे
प्रदेश में अब तक हुई वर्षा और बाढ़ के कारण 11 जन हानि हुई है. जिलों में पशु हानि, मकान व फसल क्षति का आकलन किया जा रहा है. पिछले तीन दिन में कुछ जिलों में हुई अति वर्षा के कारण प्रभावितों के लिए राहत शिविर खोले गये हैं. हरदा जिले में 2 राहत शिविर में लगभग 1600 प्रभावितों को ठहराया गया है. होशंगाबाद जिले में 3 राहत शिविर खोले गये थे, जिनमें लगभग 1300 व्यक्तियों को ठहराया गया. इनमें इटारसी के एक हजार, होशंगाबाद व सिवनी मालवा के 150-150 प्रभावित शामिल थे. स्थिति सामान्य होने से प्रभावित अपने-अपने घरों की ओर रवाना हो गये हैं. देवास जिले में खोले गये एक राहत शिविर से भी स्थिति सामान्य होने पर वहाँ रहने आये सभी 75 व्यक्ति वापस चले गये हैं.

फसलों को नुकसान
कुछ जिलों में अति वर्षा से फसलों को भी नुकसान पहुँचा है, जिसका आकलन किया जा रहा है. इनमें मुख्य रूप से उज्जैन, सीहोर, शाजापुर, देवास, हरदा, होशंगाबाद और रतलाम जिले शामिल हैं. जिलों में बाढ़ प्रभावितों को तात्कालिक राहत प्रदान करने के लिये पर्याप्त आवंटन उपलब्ध करा दिया गया है. प्रारंभिक रूप से प्रति जिला दस लाख रुपये आवंटित किये गये हैं. बाढ़ से बचाव के लिये सामग्री क्रय करने के लिये प्रति जिला एक लाख रुपया भी आवंटित किया गया है. कुछ जिलों में बाढ़ राहत के लिये अतिरिक्त आवंटन प्रदान किया जा रहा है.

दिए दस-दस लाख
अब तक बाढ़ प्रभावित सीधी और बुरहानपुर जिलों को 10 लाख रुपये, इंदौर को 40 लाख, सीहोर को 30 लाख, हरदा को 60 लाख तथा देवास को एक करोड़ रुपये की अतिरिक्त राहत राशि दी जा चुकी है. इस प्रकार कुल ढाई करोड़ रुपये की राहत सहायता इन जिलों को मिल चुकी है. प्रत्येक जिले को 10 लाख रुपये के मान से पाँच करोड़ रुपये अग्रिम आवंटन भी उपलब्ध करवाया गया है. बचाव सामग्री, मोटर बोट क्रय करने के लिये सीहोर जिले को 10 लाख, विदिशा को 13 लाख, जबलपुर को 8 लाख और रायसेन जिले को 15 लाख रुपये का अतिरिक्त आवंटन किया गया है. प्रत्येक जिले को बाढ़ बचाव सामग्री एवं मोटर बोट की मरम्मत आदि के लिये प्रति जिला एक लाख रुपये के मान से 50 लाख रुपये अग्रिम आवंटन के रूप में उपलब्ध कराया गया है.

सामान्य से अधिक वर्षा
प्रदेश में विगत एक जून से आज तक तेरह जिलों हरदा, रीवा, खण्डवा, जबलपुर, बैतूल, देवास, सीहोर, दमोह, होशंगाबाद, दतिया, शिवपुरी, उज्जैन और सिंगरौली में सामान्य से अधिक (20 प्रतिशत से ज्यादा) वर्षा रिकार्ड की गई है. सामान्य से कम (+19 से -19 प्रतिशत) वाले 25 जिलों में मण्डला, इंदौर, मुरैना, बुरहानपुर, सीधी, ग्वालियर, रायसेन, खरगोन, भिण्ड, नरसिंहपुर, शाजापुर, मंदसौर, भोपाल, टीकमगढ़, रतलाम, कटनी, अनूपपुर, छिन्दवाड़ा, झाबुआ, विदिशा, श्योपुरकलाँ, डिण्डोरी, शहडोल, पन्ना और सिवनी शामिल हैं. कम वर्षा (-20 प्रतिशत से -59 प्रतिशत) वाले 11 जिलों में अशोकनगर, उमरिया, बालाघाट, धार, सागर, सतना, छतरपुर, गुना, बड़वानी, नीचम और अलीराजपुर सम्मिलित हैं.

Related Posts: