ढाका, 20 जनवरी. बांग्लादेश में सरकार का तख्ता पलटने की असफल कोशिश की खबरों के बीच प्रधानमंत्री शेख हसीना ने कहा कि वह देश में लोकतंत्र और शांति चाहती हैं। वहीं, हसीना सरकार की तख्तापलट की साजिश रचने के सूत्रधार दो अप्रवासी बांग्?लादेशियों की पहचान की गई है। रिपोर्ट के अनुसार, सैयद मोहम्?मद और इशरक हुसैन ने ही इस तख्?तापलट की साजिश रची।
इस माह के शुरू में हसीना सरकार का तख्तापलट की असफल कोशिशों से संबंधित दो सैन्य अधिकारियों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि दर्जन भर से अधिक अधिकारियों पर इस कोशिश में शामिल होने का संदेह है। बांग्लादेश की सेना ने गुरुवार को कहा कि दर्जन भर से अधिक चरमपंथी धार्मिक अधिकारियों द्वारा सरकार का तख्ता पलटने की कोशिश को नाकाम कर दिया गया है। हसीना ने गुरुवार को कहा कि तख्ता पलट और हत्या की राजनीति में सैकड़ों लोगों को मरना पड़ता। समाचार पत्र डेली स्टार के मुताबिक हसीना ने खगरछरी जिला इकाई के नेताओं से एक बैठक में कहा कि मैं माओं को अपने बच्चे की मौत पर रोते देखना नहीं चाहती हूं। मैं लोकतंत्र और शांति चाहती हूं। उन्होंने कहा कि 1975 में उनके पिता शेख मुजीबुर रहमान की हत्या के बाद सेना में शामिल तत्वों ने 18 से 19 बार तख्ता पलट को अंजाम दिया, जिसमें हजारों लोगों की मौत हुई। उन्होंने कहा कि आखिर हत्या और तख्ता पलट की राजनीति का लाभ किसे मिलता है? इन तख्तापलट की घटनाओं में अधिकतर सैन्य बल के अधिकारियों और सैनिकों की ही मौत हुई है।

