विधानसभा का बजट सत्र राज्यपाल के अभिभाषण से शुरु

भोपाल,21 फरवरी,नभासं. मध्यप्रदेश के राज्यपाल रामनरेश यादव ने आज कहा कि सरकार के दृढ संकल्प से राज्य में कानून व्यवस्था की स्थिति सुदृढ है. राज्यपाल यादव ने विधानसभा के बजट सत्र की शुरूआत में अपने अभिभाषण में कहा कि प्रदेश में साम्प्रदायिक सद्भाव और कानून-व्यवस्था बनाये रखने और आतंकवाद वामपंथ उग्रवाद और दस्यु समस्या को जड से खत्म करने के लिये सरकार संकल्पित है.

उन्होंने कहा कि प्रदेश में कानून व्यवस्था की स्थिति सुदृढ है. राज्यपाल ने कहा कि प्रदेश की आंतरिक सुरक्षा की दृष्टि से ए.टी.एस और एस.टी.एफ के 300 से भी अधिक नए पद स्वीकृत किये गए हैं. जिला पुलिस और सशस्त्र बल में 14 हजार पद बढाये गये हैं. पुलिस कर्मियों के लिए ढार्ई हजार आवास बनाये जा रहे हैं. उन्होंने कहा कि नागरिकों को आधिसूचित सेवाओं को समय सीमा में पाने की कानूनी गारंटी देने वाला मध्यप्रदेश देश का पहला राज्य है.राज्यपाल ने कहा कि नागरिकों की सुविधा हेतु आवेदन प्राप्त करने के लिए प्रत्येक विकासखंड मुख्यालय और नगरीय क्षेत्रों में लगभग 400 लोक सेवा केन्द्र स्थापित किये जाएंगे.शासकीय निविदाओं में ई.टेंडरिंग के निर्णय के बाद करीब 12 हजार करोड राशि के टेंडर जारी किये जा चुके हैं. इसी कडी में अब ई.पेंमेंन्ट की व्यवस्था की जायेगी. अब संयुक्त भागीदारी से स्टेट पोर्टल और स्टेट सर्विस डिलीवरी गेटवे की स्थापना की जा रही है.

  •  शिक्षा पर विशेष ध्यान

राज्यपाल ने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा की दिशा में लगातार प्रयत्नशील है.जबकि इस वर्ष लगभग एक लाख शिक्षकों की संविदा भर्ती की कार्रवाई अंतिम चरण में है. इस बार प्रदेश की बालिकाओं के साथ बालकों को भी लगभग पांच लाख साइकिलें दी गर्ई हैं.उन्होंने कहा कि प्रदेश देश के उन चुनिंदा राज्यों में है.जहां उच्च शिक्षा में सकल पंजीयन अनुपात राष्ट्रीय अनुपात से अधिक है.राज्यपाल ने कहा कि राजभाषा के सम्मान में पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के नाम से हिंदी विश्व विद्यालय शीघ्र प्रारंभ हो रहाहै. यादव ने युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराने के लिए सरकार ने राज्य में कौशल विकास मिशन के तहत 113 विकासखंडों में कौशल विकास स्थापित किए है. साथ ही इस वर्ष नौ नये पोलीटेक्निक कॉलेज प्रारंभ किए गए है. महिलाओ को तकनीकी शिक्षा में भागीदार बढाने हेतु प्रदेश के 38 पोलीटेक्निक कॉलेजों में 50 सीटर क्षमता के महिला छात्रावास स्थापित किये जा रहे है.

  • समाज कल्याण

राज्यपाल रामनरेश यादव ने कहा कि राज्य के नि:शक्तजनो के विकास और समाज कल्याण पर सरकार विशेष ध्यान दे रही है.राज्यपाल कहा कि राज्य में विकास खंडस्तर और नगरीय क्षेत्रों में निशक्तजनों के लिये स्पर्श अभियान चलाया जा रहा है. इस वर्ष नये सर्वे में लगभग साढे आठ लाख नि:शक्तजनों की पहचान की गई है. उन्होंने कहा कि नि:शक्तजनों को पेंशन सहित अन्य सुविधाओं का लाभ दिया जा रहा है. समस्त विभागों में नि:शक्तजनों के लिए पदों का चिन्हांकन किया जा चुका है और इनके पदों को भरने की कार्यवाही की जा रही है.उन्होंने कहा कि राज्य में छह आई.टी.आर्ई. विशेष रुप से विकलांगों के कौशल उन्नयन के लिए प्रारंभ किए गए हैं.

  •  जीपीएस ट्रेकिंग व्यवस्था

राज्यपाल ने कहा कि गरीब वर्गो को खाद्यान्न आसानी उपलब्ध कराने के लिए सार्वजनिक वितरण प्रणाली को प्रभावी बनाने के लिये दुकानों तक राशन पहुंचाने वाले वाहनों की निगरानी के लिये जीपीएस ट्रेकिंग व्यवस्था लागू की जा रही है. इस व्यवस्था को और सुदृढ बनाने के लिए होशंगाबाद और हरदा में आगामी मार्च माह से बारकोडेड फूड कूपन से उपभोक्ताओं को राशन सामग्री दी जायेगी. अगले एक साल में यह व्यवस्था पूरे प्रदेश में लागू रने का प्रयास है.

सिटी डेवलपमेंट प्लान 2013 तक
राज्यपाल ने कहा कि राज्य में ग्रामों के साथ नगरों का संतुलित विकास करना राज्य सरकार की प्राथमिकता है.उन्होंने कहा कि प्रदेश के सभी नगरों का सिटी डेवलपमेंट प्लान वर्ष 2013 तक पूरा करने का लक्ष्य है. राज्य के नगरीय क्षेत्रों के सुनियोजित विकास की आवश्यकताओं को देखते हुए मध्यप्रदेश नगर तथा ग्राम निवेश अधिनियम 1973 में परिवर्तन किये गए है. उन्होंने कहा कि भोपाल और इंदौर में मेट्रो ट्रेन चलाने के लिए प्रारंभिक सर्वे के बाद विस्तृत परियोजना रिपोर्ट तैयार की जा रही है.प्रदेश में जवाहरलाल नेहरू अर्बन रिन्युअल मिशन के तहत 40 हजार 500 आवास निर्माण के विभिन्न चरणों में है. सरकार आगामी वर्षो में शहरों में मुख्यमंत्री अधोसंरचना विकास योजना ् मुख्यमंत्री शहरी पेयजल योजना मुख्यमंत्री नगरीय स्वच्छता मिशन और शहरी गरीबों के लिए मुख्यमंत्री आवास योजना लागू की जा रही है.

  •  कुपोषण घटा

राज्यपाल ने कहा कि राज्य सरकार के प्रयासों के चलते प्रदेश में कुपोषण और गंभीर कुपोषण में कमी आई है.राज्यपाल ने कहा कि कुपोषण के कलंक को समाप्त करने के लिए अटल बिहारी वाजपेयी बाल पोषण एवं आरोग्य मिशन कार्य कर रहा है. इस मिशन के प्रारंभ होने के बाद राष्ट्रीय पोषण संस्थान हैदराबाद द्वारा किए गए अध्ययन में राज्य में कुपोषण और गंभीर कुपोषण में उल्लेखनीय कमी होना पाया गया है. राज्यपाल ने कहा कि भोपाल,इंदौर,ग्वालियर और जबलपुर के चिकित्सा महाविद्यालयों में 203 स्नातकोत्तर चिकित्सा सीटो की वृद्धि स्वीकृत की गई है.प्रदेश में इस वर्ष 2088 एलोपैथिक एवं आयुष चिकित्सकों की नियुक्तियां प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों में की गई है. साथ ही सात जिलों में नए मलेरिया कार्यालय स्थापित किये गए है. राज्यपाल ने कहा कि सरकार ने समाज में बालिकाओं की लगातार घटती संख्या को देखते हुए सामाजिक सोच में बदलाव के लिए सामाजिक पहल करते हुए बेटी बचाओं अभियान प्रारंभ किया है जिसे राष्ट्रव्यापी मान्यता मिली है.

औद्योगिक निवेश का वातावरण
राज्यपाल ने कहा कि औद्योगिक निवेश का अभूतपूर्व वातावरण होने से सूचना प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में अंतर्राष्ट्रीय स्तर की कपंनियायें ने प्रदेश में पहली बार कदम रखा है.यादव ने कहा कि औद्योगिकी निवेश का प्रभावी वातवरण होने से अंतर्राष्ट्रीय स्तर की कंपनियां प्रदेश में निवेश के लिए आगे आ रही है. प्रदेश में सूक्ष्म ्लघु और मध्यम उद्योगों के लिए नया विभाग बनाया जायेगा. इसी कडी में राज्य सरकार ने पांच करोड रूपये की लागत वाले उद्योगों की स्थापना हेतु सभी जिलो ंमें सी श्रेणी की सुविधा देने का निर्णय लिया है.उन्होंने कहा कि औद्योगिक निवेश के लिए कि ये जा रहे प्रयासोंं के निरंतरता में आगामी अक्टूबर माह में इंदौर में ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिति की आयोजित की जायेगी. राज्य सरकार ने नये उद्योगों लिए नौ नवीन औद्योगिक क्षेत्रों के विकास पर लगभग 250 करोड रूपये का व्यय किया जा रहा है. साथ ही पांच विद्यमान औद्योगिक क्षेत्र के विकास के लिए भी 300 करोड रूपये से अधिक निवेश की परियोजना बनाई गई है.राज्यपाल ने कहा कि राज्य अपनी खनिज संपदा के समुचित दोहन की दिशा में तेजी से अग्रसर हो रहा है और खनिज आधारित उद्योगों को बढावा दिया जा रहा है. अति आधुनिक तकनीक के माध्यम से छतरपुर और पन्ना जिले में हीरा,सीधी जिले में सोना एवं तांबा,कटनी में भी सोना तथा बैतूल जिले में प्लेटिनम पैलेडियम के भंडारों का पता चला है.

ट्रांसमिशन लाइनों की क्षमता बढ़ी
यादव ने कहा कि प्रदेश में विद्युत उत्पादन बढाने, ट्रांसमिशन लाइनों की क्षमता बढाने और विद्युत वितरण नेटवर्क को मजबूत बनाने के लिए 12 हजार करोड रूपये के कार्य कराये जा रहे है. गांवों और शहरों में घरेलू कार्य के लिए 24 घंटे और कृषि कार्य के लिए आठ घंटे निर्बाध बिजली उपलब्ध कराने हेतु फीडर पृथक करने की योजना पर तेजी से काम किया जा रहा है. उन्होंने कहा कि प्रदेश में 1200 मेगावाट की सिंगाजी ताप परियोजना और सतपुडा ताप विद्युत गृह सारणी में 500 मेगावाट की विस्तार इकाई का कार्य चल रहा है. इसी प्रकार सिंगाजी परियोजना के द्वितीय चरण में सुपर क्रिटीकल तकनीक पर आधारित 1320 मेगावाट की परियोजना की स्थापना और दादा धूनीवाले खंडवा पावर लिमिटेड द्वारा 1600 मेगवाट क्षमता की ताप विद्युत परियोजना की कार्रवाई प्रारंभ कर दी गई है.सौर ऊर्जा से विद्युत उत्पादन के लिए प्रदेश में 750 मेगावाट क्षमता की परियोजनायें पंजीकृत हुई है और इनकी स्थापना पर लगभग 15 हजार करोड रूपये का निवेश संभावित है.

  •  गेंहू और धान पर बोनस

यादव ने कहा कि सरकार द्वारा गेंहू और धान के समर्थन मूल्य पर क्रमश: 100 एवं 50 रूपये क्विंटल बोनस देना खेती को फायदे का धंधा बनाने के संकल्प का हिस्सा है. गेहूं खरीदी में किसानों को सुविधा प्रदान करने के लिए इस बार ई उपार्जन से किसानों का पंजीयन किया जा रहा है. अनाज के भंडारण के लिये संरचानाओं के निर्माण के लिए प्राथमिक साख सहकारी समितियो को शासकीय भूमि बिना प्रीमियम और एक रूपये के प्रतिवर्ष के भू भाटक पर आवंटित करने का निर्णय लिया है. उन्होंने कहा कि गांवो की तस्वीर बदलने के लिए सरकार ने पंच परमेश्वर योजना लागू की है. इस योजना के तहत बुनियादी विकास हेतु जनसंख्या के मान से एकमुश्त पांच से 15 लाख रूपये की राशि प्रति वर्ष ग्राम पंचायतों को उपलब्ध करायी जायेगी. गांवों के बीपीएल श्रेणी के परिवारों के लिए पक्के बनाने के लिए मुख्यमंत्री आवास मिशन बनाया गया है. प्रदेश की सभी ग्राम पंचायतों का कम्प्यूटरीकरण किया जा रहा है और कुशभाऊ ठाकरे योजना के तहत तीन हजार पुराने ग्राम पंचायतों के भवनों में ई पंचायत कक्ष निर्मित किये जा रहे है.

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