संविदा स्वास्थ्य कर्मचारी हड़ताल का 25वां दिन

नवभारत न्यूज भोपाल,

प्रदेशभर में 19 फरवरी से लगातार अनिश्चितकालीन हड़ताल कर रहे संविदा स्वास्थ्य कर्मचारियों के समर्थन में प्रदेश के 34 विभागों के ढाई लाख संविदा कर्मचारियों ने 15 मार्च से अनिश्चितकालीन हड़ताल का ऐलान किया है.

जानकारी देते हुये संविदा स्वास्थ्य कर्मचारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष सौरभ सिंह चौहान ने बताया कि हड़ताल के 25वें दिन गुरुवार को अन्य विभागों के लगभग ढाई लाख संविदा कर्मचारियों ने हमारी प्रमुख मांगें नियमितीकरण और निष्कासित कर्मचारी की बहाली का समर्थन करते हुये हड़ताल में शामिल होने का फैसला किया है. साथ ही सामाजिक, धार्मिक एवं व्यापारिक संगठनों का भी हमें समर्थन मिल रहा है.

हमारे इस चरणबद्ध आंदोलन में 16 को राज्य स्तर से निर्धारित पेम्पलेट-‘बर्बाद संविदा बेहाल संविदा’ का वितरण शहर के मुख्य चौराहों, कॉलेजों एवं जनता को किया जायेगा, जिसमें संविदा के दुष्परिणामों की जानकारी दी जायेगी.

17 मार्च को किन्नरों की टोली बुलवाकर स्थानीय विधायकों एवं मंत्रियों के घर पर प्रदर्शन किया जायेगा. 18 मार्च को नवरात्रि के अवसर पर एक दिवसीय उपवास रखकर माता के मंदिर तक चुनरी यात्रा कर माता को ज्ञापन अर्पित किया जायेगा.

19 मार्च को हर-हर संविदा घर-घर संविदा के नारे के साथ घर-घर जाकर घर के मुखिया को फूल की माला पहनाकर सरकार द्वारा संविदा कर्मचारियों के साथ किये जा रहे शोषण को बताया जायेगा. 20 मार्च को मुंह पर काली पट्टी बांधकर परिवार सहित मौन रैली निकाली जायेगी.

चौहान ने कहा कि यदि 20 मार्च तक हमारी मांगों का निराकरण नहीं किया जाता है तो संविदा कर्मचारी सरकार का तर्पण करेंगे एवं राजधानी में जंगी प्रदर्शन करेंगे. यह हमारी आर-पार की लड़ाई है. ज्ञात हो कि 14 मार्च को ऑल इंडिया एनएचएम कर्मचारी संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष विहान रजा ने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को पत्र लिख कर सात दिन में संविदा स्वास्थ्य कर्मचारियों की मांगों के निराकरण का समय देते हुये लिखा था कि सात दिवस में निराकरण न होने की स्थिति में देशभर में मध्यप्रदेश के संविदा स्वास्थ्य कर्मचारियों के समर्थन में आंदोलन किया जायेगा और इस आंदोलन की जवाबदारी मध्यप्रदेश सरकार की होगी.

गौरतलब हो कि 25 दिनों से संविदा स्वास्थ्य कर्मचारी हड़ताल पर हैं, जिससे प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाएं चरमरा गईं हैं. स्वास्थ्य सेवाओं पर पड़ रहे असर के कारण आम जनना का बुरा हाल है. स्टाफ की पर्याप्त व्यवस्था न होने के कारण अस्पतालों में मरीजों को कई परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. वहीं ग्रामीण क्षेत्रों में तो इससे भी ज्यादा असर है. ग्रामीण क्षेत्रों की स्वास्थ्य सेवाएं ठप्प हो गईं हैं, जिससे ग्रामीणों को भटकना पड़ रहा है.

संविदा कर्मचारियों का सम्मेलन कल

म.प्र. संविदा कर्मचारी, अधिकारी महासंघ के द्वारा 16 मार्च को अम्बेडकर मैदान में एक दिवसीय सम्मेलन किया जा रहा है. जिसमें म.प्र. संविदा कर्मचारी, अधिकारी महासंघ के जुड़े हुये संविदा कर्मचारी, अधिकारी भाग लेंगे. म.प्र. संविदा कर्मचारी, अधिकारी महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष रमेश राठौर ने बताया कि सम्मेलन में प्रदेश के जनप्रतिनिधियों से प्रदेश में विभिन्न विभागों और उनकी परियोजनाओं में कार्यरत्ï कर्मचारियों एवं अधिकारियों को नियमित करने संविदा कर्मचारी, अधिकारी महासंघ के प्रतिनिधि मंडल ने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान से चर्चा की थी.

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