भारत-आस्ट्रेलिया पहला टेस्ट मैच

मेलबर्न,28 दिसबंर.  मेलबर्न टेस्ट के तीसरे दिन विकेटों के पतझड़ के बीच टीम इंडिया ने वापसी करते हुए दूसरी पारी में आस्ट्रेलिया को 179 रनों तक आठ झटके दे दिए हैं. भारत के लिए दूसरी पारी में उमेश यादव ने चार, जहीर खान दो जबकि ईशांत शर्मा और आर अश्विन ने एक-एक विकेट लिए. मैच के तीसरे दिन कुल 15 विकेट गिरे.

मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड (एमसीजी) पर खेले जा रहे इस मैच में आस्ट्रेलिया ने अपनी बढ़त 230 रनों तक पहुंचा दी है. अनुभवी बल्लेबाज माइक हस्सी 79 रन और जेम्स पैटिन्सन 3 रन बनाकर क्रीज पर मौजूद हैं. दूसरी पारी में आस्ट्रेलिया की हालत और खराब होती अगर पूर्व कप्तान रिकी पोंटिंग ने हस्सी के साथ मिलकर पांचवें विकेट के लिए शतकीय साझेदारी नहीं निभाई होती. पोंटिंग एक बार फिर अच्छी शुरुआत के बाद शतक तक नहीं पहुंच सके और 60 रन बनाकर पवेलियन लौट गए. तीसरे दिन के आखिरी सत्र में अश्विन की गेंद पर राहुल द्रविड़ में हस्सी को जीवनदान देकर भारत की मुश्किलें बढ़ा दी. इससे पहले पोंटिंग और हस्सी ने आस्ट्रेलिया को उमेश यादव के करारे झटकों से उबारा. भारतीय टीम इससे पहले 282 रन पर आउट हो गई थी. आस्ट्रेलिया को इस तरह से 51 रन की बढ़त मिली थी. अब उसकी कुल बढ़त 230 रन की हो गई है. चाय के समय पोंटिंग 33 और हस्सी 29 रन पर खेल रहे थे. इन दोनों ने तब पारी को संवारने का जिम्मा उठाया जबकि उसके चार बल्लेबाज 27 रन पर पवेलियन लौट गए. पोंटिंग और हस्सी ने पांचवें विकेट के लिए 115 रन जोड़े. तेज गेंदबाज यादव ने फिर से आस्ट्रेलिया के पहले बल्लेबाजों को पवेलियन की राह दिखाई. उन्होंने डेविड वार्नर (5), एड कोवान (8) और शान मार्श (3) को जबकि ईशांत शर्मा ने कप्तान माइकल क्लार्क (01) को आउट करके भारत को अच्छी वापसी दिलाई. यादव ने अपने चौथे ओवर में चार गेंद के अंदर दोनों सलामी बल्लेबाजों को आउट करके स्कोर दो विकेट पर 16 रन कर दिया. उन्होंने पहले वार्नर के विकेट बिखेरे जिन्होंने आफ स्टंप से बाहर जाती गेंद पर कदमों का इस्तेमाल किए बिना ढीला शाट खेलकर अपना विकेटों पर मारा. इसके बाद कोवान ने उनकी सीधी गेंद पर बल्ला हवा में उठा दिया और पगबाधा हो गए. यादव ने जल्द ही भारत को तीसरी सफलता भी दिला दी. पीठ दर्द से उबरने के बाद वापसी करने वाले मार्श ने भी वार्नर की शैली में बाहर जाती गेंद अपने विकेटों पर खेली जबकि ईशांत ने अगले ओवर में खूबसूरत गेंद पर क्लार्क को बोल्ड किया. यह गेंद भी क्लार्क के बल्ले का हल्का किनारा लेकर विकेटों पर लगी थी.

नए बल्लेबाज हस्सी ने पहली गेंद ही मिडविकेट पर तीन रन के लिए खेली. हस्सी ने यादव पर फ्लिक और हुक से चौके जडऩे के बाद ईशांत और जहीर खान की गेंद भी सीमा रेखा पार भेजी. पोंटिंग ने 84 गेंदों पर पचासा जड़ा. लेकिन खतरनाक दिख रहे पंटर को जहीर खान ने पवेलियन भेजकर भारत को शानदार वापसी दिलाई. इसके थोड़ी ही देर बाद ब्रैड हैडिन को आउट कर जहीर ने आस्ट्रेलिया को छठा झटका दिया. पहली पारी में 41 रनों की पारी खेलने वाले पीटर सिडल यादव का चौथा शिकार बने, जबकि नाथन ल्योन को अश्विन ने दिन का खेल खत्म होने से कुछ देर पहले पवेलियन भेज दिया. पैटिन्सन ने संभल कर खेलते हुए आखिरी के ओवरों में कंगारुओं को नौवां झटका लगने से बचाया.  इससे पहले सुबह भारतीय बल्लेबाजों ने बेहद निराशाजनक प्रदर्शन किया. भारत ने आज सुबह तीन विकेट पर 214 रन से आगे खेलना शुरू किया. उसने अंतिम आठ विकेट 68 रन के अंदर गंवाए. इनमें सचिन तेंदुलकर का विकेट भी शामिल है जो कल अंतिम गेंद पर आउट होने के कारण महाशतक से चूक गए थे. बेन हिल्फेनहास ने भारतीयों को सबसे अधिक नुकसान पहुंचाया तथा 75 रन देकर पांच विकेट लिए. उन्होंने तीसरे दिन सुबह कल के अविजित बल्लेबाज राहुल द्रविड़ (68), विराट कोहली (11), कप्तान महेंद्र सिंह धौनी (6) और ईशांत शर्मा (11) को आउट किया. पीटर सिडल ने भी अच्छी गेंदबाजी की तथा वीवीएस लक्ष्मण (2) और डटकर खेलने वाले रविचंद्रन अश्विन (31) को पवेलियन भेजा. उन्होंने 63 रन देकर तीन विकेट लिए.

300 से कम लक्ष्य हासिल कर सकते हैं हम

मेलबर्न. मैच के रोमांचक मोड़ पर आने के बाद भारत के आक्रामक सलामी बल्लेबाज वीरेंद्र सहवाग ने बुधवार को कहा कि उनकी टीम आस्ट्रेलिया के खिलाफ पहले क्रिकेट टेस्ट में 300 रन से कम के लक्ष्य को हासिल कर सकती है.

तीसरे दिन का खेल खत्म होने के बाद आस्ट्रेलिया ने आठ विकेट पर 179 रन बनाए हैं जबकि उसकी कुल बढ़त 230 रन की हो गई है. मेजबान टीम के लिए हालांकि अब भारत को बड़ा लक्ष्य देना काफी चुनौतीपूर्ण होगा.  सहवाग ने कहा, मुझे लगता है कि 300 रन से कम के लक्ष्य को हासिल किया जा सकता है. फिलहाल मैच काफी संतुलित है. कल या अगले दिन जो भी कड़ी मेहनत करेगा वह जीत सकता है. माइक हस्सी अब भी 79 रन बनाकर खेल रहे हैं और वह आस्ट्रेलिया को बड़े स्कोर तक पहुंचाने में सक्षम हैं. सहवाग ने कहा कि भारत के लक्ष्य का पीछा करने के दौरान सलामी जोड़ी की भूमिका अहम होगी लेकिन मध्यक्रम की अहमियत भी कम नहीं होगी. दाएं हाथ के इस बल्लेबाज ने कहा, ऐसा नहीं है कि मैं अकेला ही मैच जिता सकता हूं. यह सबकी भूमिका है. हां, अगर हम अच्छी शुरुआत देते हैं तो टेस्ट जीतने की संभावना काफी अच्छी होगी. अगर हमें मैच जीतना है तो चौथे या पांचवें दिन हमें काफी अच्छी बल्लेबाजी करनी होगी. सहवाग के सलामी जोड़ीदार गौतम गंभीर अच्छी फार्म में नहीं हैं लेकिन इस आक्रामक बल्लेबाज ने दिल्ली के अपने साथी बल्लेबाज का समर्थन किया. उन्होंने कहा, गंभीर सिर्फ एक पारी में विफल रहा है. हमारे सामने लंबा दौरा है. सहवाग को पूरा यकीन है कि आस्ट्रेलियाई टीम भारत की दूसरी पारी में तेज गेंदबाजों पर निर्भर करेगी.

उन्होंने कहा, मुझे नहीं लगता कि विकेट से काफी स्पिन मिल रही है. जब गेंद नई हो तो सीम मूवमेंट काफी अहम होती है. मुझे नहीं लगता कि आस्ट्रेलिया स्पिन पर निर्भर रहेगा, वे सीम गेंदबाजी पर निर्भर रहेंगे. हम स्पिन गेंदबाजी के खिलाफ अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं इसलिए निश्चित तौर पर हम स्पिनरों के खिलाफ आक्रमण करेंगे. भारत आज तीन विकेट पर 214 रन की अच्छी स्थिति से आगे खेलने उतरा था लेकिन उसने अपने अंतिम सात विकेट केवल 68 रन जोड़कर गंवा दिए. सहवाग ने युवा उमेश यादव की खूब तारीफ की जो मैच में पहले ही सात विकेट चटका चुके हैं. उन्होंने कहा, वह अच्छा गेंदबाज है, वह 140 किमी प्रतिघंटे से अधिक की रफ्तार से गेंदबाजी करता है और बल्लेबाजों को अच्छी चुनौती पेश करता है. सहवाग सहित कई बल्लेबाज गेंद को विकेटों पर खेलकर पवेलियन लौटे और भारतीय बल्लेबाज ने इसके लिए असमान उछाल को जिम्मेदार ठहराया. उन्होंने कहा, ऐसा इसलिए है क्योंकि गेंद बल्ले पर नहीं आ रही. यह रुककर आ रही है. बल्लेबाज पहले शाट खेल रहे हैं और यही कारण है कि गेंद बल्ले का किनारा ले रही है. सहवाग ने कहा कि अब टीम को जीत दिलाने की जिम्मेदारी बल्लेबाजों की है.

टीम में जगह को लेकर दुविधा में वाटसन

मेलबर्न. आस्ट्रेलियाई आलराउंडर शेन वाटसन का भारत के खिलाफ वर्तमान टेस्ट सीरीज में खेलना संदिग्ध है और एड कोवान के अपने पदार्पण मैच में ही प्रभावशाली प्रदर्शन के बाद उन्हें पक्का विश्वास नहीं है कि वापसी के बाद वह टीम में फिट बैठेंगे. 

पिंडली की चोट और मांसपेशियों में खिंचाव से जूझ रहे वाटसन ने कहा, यह देखना दिलचस्प होगा कि मैं टीम में फिट बैठता हूं या नहीं. वाटसन टीम में सलामी बल्लेबाज की भूमिका निभा रहे थे. वह उपयोगी गेंदबाज भी है. उनकी उपस्थिति से ग्लेन मैकग्रा और शेन वार्न जैसे खिलाडिय़ों के संन्यास लेने के बाद परिवर्तन के दौर से गुजर रही टीम को संतुलन मिलता है. कोवान ने मौके का फायदा अच्छी तरह से उठाया और पहले टेस्ट मैच की पहली पारी में 68 रन बनाए. वाटसन ने कहा कि वह चाहते हैं कि उनकी भूमिका सभी को अच्छी तरह से पता हो. उन्होंने कहा, मैं खुद को आलराउंडर से इतर और किसी अन्य रूप में नहीं देखता. उन्होंने कोवान की प्रशंसा करते हुए कहा, खुद पर नियंत्रण रखना बहुत जरूरी होता है. एड का खुद पर और खेल पर नियंत्रण है.

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