भोपाल,22 सितंबर. जहांगीराबाद जैन मंदिर में नगरनिगम द्वारा की गई तोडफ़ोड़ के विरोध में जैन समाज संघर्ष समिति ने मंदिर परिसर से गुरुवार 11 बजे एक रैली निकालकर प्रदर्शन किया. वे मुख्यमंत्री को ज्ञापन देने की बात पर अड़े हुए थे. इस दौरान पुलिस और संघर्ष समिति के प्रदर्शनकारियों के बीच दो बार हल्की झड़प हुई.

सांसद कैलाश जोशी ने मौके पर पहुंचकर प्रदर्शनकारियों को आश्वस्त किया तो वे मान गए.मंदिर परिसर से शुरू हुई जैन समाज संघर्ष समिति की रैली जैसे ही मोती मस्जिद पहुंची पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को रोक दिया. रैली में शामिल प्रदर्शनकारियों ने पुलिस की एक ना सुनी और पुलिस जवानों और बैरिकेड्स को हटाकर वे आगे बढ़ गए.

रैली कमला पार्क पहुंची तो पुलिस ने फि र प्रदर्शनकारियों को रैली आगे नहीं ले जाने के लिए रोका. इस पर प्रदर्शनकारियों ने पुलिस से कहा कि वे मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान को निगम की करतूत के खिलाफ ज्ञापन देकर अवगत कराना चाहते हैं.
यह सुन पुलिस ने उन्हें शांति से काम लेने की सलाह दी और आगे बढने से रोक दिया. जैन समाज के प्रदर्शनकारी कमला पार्क सड़क पर धरना देकर बैठ गए. इससे चक्काजाम हो गया. मौके की नजाकत समझते हुए पुलिस अधिकारी सांसद कैलाश जोशी को लेकर धरनास्थल पर पहुंचे.

पुलिस द्वारा लाठीचार्ज की भूरिया द्वारा निंदा
प्रदेष कांग्रेस अध्यक्ष कांतिलाल भूरिया ने स्थानीय जहांगीराबाद जैन मंदिर में पिछले दिनों नगर निगम द्वारा की गई तोड़-फोड़ की कार्यवाही के विरोध में मुख्य मंत्री षिवराजसिंह चौहान को ज्ञापन देने के लिए जैन समाज द्वारा आज निकाली गई शांतिपूर्ण रैली पर पुलिस द्वारा किये गए लाठीचार्ज की कड़ी निंदा की है.

आपने कहा है कि धर्म स्थलों से संबंधित ऐसे मामले संबंधित समुदाय को विष्वास में लेकर आपसी बातचीत से निपटाये जाना चाहिए. छोटे-छोटे मामलों में जिला प्रषासन द्वारा इस प्रकार लाठी की भाषा में बात करना उचित नहीं है.
भूरिया ने आग्रह किया है कि नगर निगम और जैन समाज सद्भावना पूर्ण वातावरण में बातचीत के जरिए मंदिर के इस विवाद का हल निकाले. धर्मस्थलों के निर्माण से जुड़े प्रकरणों में जिला प्रषासन और नगर निगम को सुप्रीम कोर्ट के दिषा निर्देषों के अनुसार ही कार्यवाही करना चाहिए.

रैली पर लाठी चार्ज की कड़ी निंदा
जैन समाज द्वारा आज जहाँगीराबाद जैन मंदिर में तोडफ़ोड़ की कार्रवाई के विरोध में एक रैली निकाली गई, जो लिली टाकीज, लेडी हास्पिटल, इतवारा, सुभाष चौक, सोमवारा होती हुई मोती मस्जिद पहुँची जहाँ कमला पार्क पर पुलिस प्रशासन ने रैली पर अकारण लाठीचार्ज कर दिया. जिससे महिलाएं बुजुर्ग समेत लगभग एक दर्जन लोग घायल हो गए.
बाद में समाज के लोग वहीं बैठकर नारेबाजी करने लगे और बाद में सांसद कैलाश जोशी के आश्वासन पर चक्काजाम समाप्त किया. रैली में भोपाल शहर के  विभिन्न मंदिरों के अध्यक्ष और अन्य पदाधिकारी शामिल थे.

चंदन नगर के वीर सेवादल के दिव्य घोष के साथ सन्मति सेवा संघ, पलक चेतना मंच सहित अनेक युवा महिला मंडल भजन गाते हुए चल रहे थे. रैली में प्रमुख रूप से संघर्ष समिति के डा. पी.के. जैन, सुरेश जैन, पंकज प्रधान, वीरेंद्र जैन, जहागीराबाद मंदिर समिति के अध्यक्ष राजेश सिंघई, प्रकाश जैन, टी.टी. नगर मंदिर समिति के अध्यक्ष अमर जैन, जैन नगर मंदिर समिति के अध्यक्ष प्रमोद चौधरी, मुकेश जैन डब्बू, भानपुर मंदिर समिति के अध्यक्ष अशोक जैन, निर्मल जैन, पंकज जैन, विजय जैन, महेन्द्र जैन, वीणा जैन, गुणमाला जैन, अंजू जैन आदि शामिल थे. प्रशासन द्वारा रैली पर अकारण लाठीचार्ज और बर्बरतापूर्ण कार्यवाई की भोपाल जैन समाज नेनिंदा की है. प्रवक्ता अंशुल जैन ने बताया कि इसके पूर्व एक धर्म सभा जैन मंदिर जहाँगीराबाद में आयोजित हुई.

यहाँ मुनि मार्दव सागर महाराज आर्यिका सरस्वती भूषण माताजी छुल्लक प्रयत्न सागर महाराज, तारण समाज के ब्रम्हचारी आत्मानंदजी ने अपने आर्शिवचन में कहा कि जैन धर्म अहिंसा की शिक्षा देता है, लेकिन हमारे धर्म, धर्मायतन और संस्कृति की रक्षा के लिए हमें अपना सर्वोच्च न्यौछावर कर देना चाहिए. धर्म सभा को जिला कांग्रेस अध्यक्ष पी.सी. शर्मा, अशोक भाभा, आनंद तारण आदि ने भी संबोधित किया. इस अवसर पर डा. नरेंद्र जैन ने कविताओं के माध्यम से मंगलाचरण किया.

लाठी चार्ज की जाँच की मांग
जिला कांग्रेस कमेटी के अहिंसक जैन समाज पर बर्बर लाठीचार्ज की निंदा की है एवं जाँच की मांग की है साथ दोषियों पर कार्यवाही की मांग की है.
जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष पी.सी. शर्मा, प्रवक्ता आनंद तारण ने कहाकि जैन मंदिर जहाँगीराबाद से अहिंसात्मक रूप से जैन समाज की रैली मुख्यमंत्री निवास जा रही थी परंतु कमला पार्क के पहले ही उन पर बर्बर तरीके से लाठीचार्ज किया गया जिसमें समाज के 15-20 युवाओं एवं महिलाओं को चोट आयी है एवं घायल हुए है. जिला एवं पुलिस प्रशासन के ऐसे कृत्य का कांग्रेस विरोध करती है एवं जाँच की मांगवश दोषियों पर कार्यवाही होनी चाहिये. पर्यूषण पर्व के उपरांत नगर निगम द्वारा अचानक मंदिर परिसर मेन गेट का ताला तोड़कर अमानवीय रूप से संत निवास को ध्वस्त किया जिससे सम्पूर्ण जैन समाज में रोष व्याप्त है.

Related Posts: